ग्वालियर में एक करोड़ की डकैती: लूटपाट के बाद पैर छूकर बोले डकैत ‘हम ठाकुर हैं महिलाओं का करते हैं सम्मान’

वारदात से इलाके में सनसनी फैली, पीड़ित परिवार समेत आसपास के लोग खौफजदा, The incident spread sensation in the area, the people around including the victim's family were frightened

ग्वालियर में एक करोड़ की डकैती: लूटपाट के बाद पैर छूकर बोले डकैत ‘हम ठाकुर हैं महिलाओं का करते हैं सम्मान’

ग्वालियर। शहर के गोला का मंदिर क्षेत्र में एमआइटीएस (माधव इंस्टीट्यूट आफ टेक्नोलाजी एंड साइंस) के प्रोफेसर के घर से सोमवार को दिनदहाड़े अज्ञात नकाबपोश बदमाशों ने कट्टे की नोक पर डकैती की वारदात को अंजाम दिया। बदमाशों ने घर में मौजूद प्रोफेसर की बुजुर्ग मां, पत्नी और बेटी को बंधकर बनाकर करीब एक करोड़ का माल लूट लिया। जिसमें पुस्तैनी सोने के जेवरात, नगदी शामिल हैं।बदमाशों ने प्रोफेसर से मिलने के बहाने दरवाजा खुलवाया और जबरन घर में दाखिल हो गए। इसके बाद महज 19 मिनट में ही लूटपाट की वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाश वहां से फरार हो गए। पुलिस की शुरूआती पड़ताल में कॉलोनी में लगे सीसीटीवी कैमरे में छह नकाबपोश बदमाश बाइक के साथ प्रोफेसर के घर के बाहर दिखाई दिए हैं। पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।

जानकारी के मुताबिक घटना सोमवार दोपहर करीब दो बजे की है। पंचशील नगर में रहने वाले डॉ. शिशिर दीक्षित एमआइटीएस में प्रोफेसर हैं। वारदात के वक्त प्रोफेसर कॅलेज में थे और घर पर उनकी पत्नी श्वेता, बेटी शिवांगी और बुजुर्ग मां डॉ. कनकलता थीं। बदमाशों ने प्रोफेसर से मिलने के बहाने घर का दरवाजा खुलवाया और  कट्टा दिखाकर घर में दाखिल हो गए। बदमाशों ने सबसे पहले तीनों महिलाओं को बंधक बना लिया। विरोध करने की कोशिश की तो प्रोफेसर की बेटी और मां के साथ हाथापाई भी की, फिर बिजली के तार से इनके हाथ-पैर बांध दिए। इसके बाद घर की खानातलाशी देकर वारदात को अंजाम दिया।

19 मिनट, कट्टा अड़ाकर बोले- स्मार्ट बनीं तो गोली मार दूंगा
प्रोफेसर की पत्नी शिवांगी ने पुलिस को बतायाकि पति रोज की तरह सुबह करीब 10 बजे कॉलेज चले गए। घर पर मैं, मेरी बेटी शिवांगी और सासू मां थीं। दोपहर 1.45 बजे घर की घंटी बजी। बेटी पहले बाहर गई, उसने पूछा कौन है तो एक युवक बोला- उसे प्रोफेसर साहब से मिलना है। बेटी बोली वो तो कालेज में है, इस पर वो बोला- उनसे फोन पर बात हुई है, पांच मिनट में आ रहे हैं। हम डबरा से आए हैं, जरूरी काम है। मैंने दरवाजा खोला और उनसे बोला- कॉल कर उनसे पूछ लेती हूं। तब तक एक युवक पीछे ही चला आया। उसके मुंह से शराब की दुर्गंध आ रही थी, इस पर मैंने बाहर जाने के लिए कहा। इतना कहा ही था कि उसका एक और साथी आ गया। दोनों अंदर घुस आए, सीधे मेरे माथे पर कट्टा अड़ा दिया। बोले- ज्यादा स्मार्ट बनीं तो गोली मार दूंगा। 

हाथ-पैर बांधकर अलग-अलग कमरे में बंधक बनाया
बेटी ने चीखने की कोशिश की, तो दूसरे बदमाश ने उस पर भी कट्टा अड़ा दिया। दोनों ने हमें जमीन पर बैठा दिया। कुछ ही देर में इनके दो साथी और आ गए। बदमाशों ने पूछा सोना और पैसे कहां हैं, मैंने बोला- ढूंढ लो तो हाथापाई पर उतर आए। मेरी सासू मां के बाल खींचे। फिर मुझे और मेरी बेटी के हाथ-पैर बांधकर एक कमरे में डाल दिया, मां को दूसरे कमरे में बंद कर दिया। इसके बाद दराज खंगाली, अलमारी खोली। इसी दौरान उन्हें सोना और रुपये मिल गए। पूरा सोना और रुपए लिए, फिर मंदिर में जाने लगे। मंदिर में जाने पर कहा- इन्हें तो छोड़ दो तो चले गए। 

पैर छूकर बोले हम ठाकुर हैं महिलाओं का सम्मान करते हैं
जाते समय बदमाश बोले अगर एक घंटे तक किसी को खबर दी या पति को काल लगाया, बाहर निकली तो गोली मार देंगे। हम बाहर ही निगरानी कर रहे हैं। इतना करने के बाद बदमाश जाते समय पैर छूकर बोले, हम ठाकुर हैं महिलाओं का सम्मान करते हैं। मुझे लगा था, आज हम तीनों नहीं बचेंगे। अगर कुछ नहीं मिलता तो वे हमें मार डालते। फिर मैंने अपने पति को कॉल किया, पति साथियों के साथ घर आए और पुलिस को बुलाया। अभी तक वह डरावना नजारा और नकाब पहने बदमाश आंखों के सामने है।

सीसीटीवी कैमरे में कैद हुए डकैत
डकैती की वारदात को सूचना मिलते ही एसपी अमित सांघी और आला पुलिस अधिकारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने प्रोफेसर की मां, पत्नी और बेटी से वारदात के संबंध में पूछताछ की और आसपास के थानों को सूचना दी। इसके बाद इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज खंगाली। इस दौरान पुलिस को प्रोफेसर डॉ. शिशिर दीक्षित के घर के पास एक मकान में सीसीटीवी लगे मिले। जिसकी फुटेज खंगाली गई। इसमें बदमाश घर के बाहर दिखाई दे रहे हैं। दोपहर 1.45 बजे प्लेटिना बाइक प्रोफेसर के घर के ठीक सामने आकर रुकी। इस बाइक पर तीन बदमाश बैठे थे। दूसरी बाइक घर से पहले ही रुकी हुई थी। उस पर भी तीन बदमाश थे। दूसरी बाइक से दो बदमाश उतरकर आए, पांचों में घर के बाहर कुछ बात हुई। फिर दो बदमाश बाइक लेकर अलग-अलग दिशा में चले गए। इसके बाद 1.48 बजे एक बदमाश ने घर की घंटी बजाई, वह घर के बाहर पत्नी और बेटी से बात करता रहा। दूसरा बदमाश सड़क के दूसरी तरफ खड़ा था, तीसरा बीच में था, जिसके मुंह पर मास्क लगा था। 1.49 बजे बदमाश घर के अंदर घुस गए। पहले दो बदमाश घुसे, फिर दो अन्य घुस गए। इनके साथी दोनों छोर पर रैकी कर रहे थे। 2.04 बजे बदमाश लूट कर बाहर निकले और साथियों के साथ भाग निकले। बदमाश गोला का मंदिर की तरफ भागे हैं।

रैकी के बाद दिया वारदात को अंजाम 
घर के अंदर भले ही दो नकाबपोश बदमाश दाखिल हुए थे, लेकिन बताया जा रहा है कि बदमाशों की संख्या 5 थी। तीन बदमाश बाहर खड़े होकर रैकी कर रहे थे, जिससे कोई अंदर आए तो पहले ही अंदर मौजूद अपने साथियों को अलर्ट कर सकें।

शहर से सीसीटीवी खंगालने में जुटी पुलिस
ग्वालियर शहर में दिनदहाड़े डकैती की वारदात को अंजाम देकर बदमाशों ने पुलिस को खुली चुनौती दी है। पुलिस के अफसर भी इस वारदात से खासे हैरान हैं। घटना के बाद पुलिस अधिकारी अब घर के सीसीटीवी कैमरों के अलावा शहर भर में लगे कैमरों को भी खंगालने में जुटे हुए हैं। जिससे बदमाश किस तरफ भागे थे, इसका सुराग मिल सके। साथ ही यदि बदमाशों में से किसी का चेहरा बेनकाब हुआ हो तो पहचान की जा सके। हालांकि किसी भी बदमाश का चेहरा नहीं दिखाई दे रहा है।