मध्यप्रदेश में भले ही अगला विधानसभा चुनाव 2028 में होना तय है, लेकिन राज्य का राजनीतिक पारा अभी से उफान पर आ गया है। दोनों प्रमुख सियासी दल भाजपा और कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व समय से दो साल पहले ही मैदान में उतर चुका है। इंदौर, उज्जैन, बालाघाट से लेकर भोपाल तक दिग्गजों की आवाजाही और बैठकों के दौर ने साफ कर दिया है कि सत्ता की चाबी हासिल करने के लिए घेराबंदी शुरू हो चुकी है।
मध्य प्रदेश में पंचायत और नगर निकाय उपचुनाव के नतीजे घोषित हो गए हैं। आगर-मालवा जिले की सुसनेर नगर परिषद अध्यक्ष सीट पर भाजपा के उम्मीदवार प्रदीप सोनी ने जीत दर्ज की है। उन्होंने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस के विष्णु पाटीदार को 960 मतों से पराजित किया।
मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2028 में होने हैं। चुनाव में अभी दो वर्ष से अधिक का समय बाकी है, लेकिन कांग्रेस अभी से तैयारी में जुट गई है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी एक पखवाड़े के भीतर दूसरी बार मध्य प्रदेश आ रहे हैं। वह आज बालाघाट के बैहर विकासखंड के जागला गांव में कुपोषण, मलेरिया और खसरा से प्रभावित बैगा आदिवासी बच्चों के परिजनों से मुलाकात करेंगे।
मध्य प्रदेश में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर कांग्रेस का उग्र प्रदर्शन। भोपाल, बैतूल, खरगोन और इंदौर सहित कई जिलों में पुतला दहन, वाटर कैनन का उपयोग और कलेक्ट्रेट घेराव की पूरी खबर।
मध्यप्रदेश में इस महीने दो बड़ी राजनीतिक गतिविधियां देखने को मिलेंगी। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के 19 सितंबर को इंदौर में प्रस्तावित छात्रों की गूंज कार्यक्रम से ठीक पहले, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन 17 सितंबर को मध्यप्रदेश आ रहे हैं।
राजस्थान नगर निकाय चुनाव में भाजपा की भारी जीत हुई है। शहरी स्थानीय निकाय की जिन 309 सीटों के नतीजे घोषित किए गए हैं उनमें से भाजपा ने 163 सीटें, कांग्रेस ने 103 और निर्दलीय उम्मीदवारों ने 43 सीटें जीती हैं। इन चुनावों में प्रमुख राजनीतिक दलों के उम्मीदवारों के साथ-साथ बड़ी संख्या में निर्दलीय उम्मीदवार भी शामिल थे।
इंदौर में 17 से 19 सितंबर तक राहुल गांधी के 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम का आयोजन। जानिए मैदान की अनुमति, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और एनयूएसआई की तैयारियों से जुड़ी पूरी जानकारी।
उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कांग्रेस में अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है। यह फैसला उनके निज सचिव चंदन सिंह जीना के ठिकाने पर ईडी की छापेमारी के एक दिन बाद आया है। रावत ने कहा कि वह नहीं चाहते कि उनकी वजह से कांग्रेस के भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रहे संघर्ष पर कोई सवाल उठे। उन्होंने फेसबुक पोस्ट के जरिए अपने फैसले की जानकारी दी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के दुबई प्रवास के दौरान मध्यप्रदेश को 53,000 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। वैश्विक मंच पर एआईएम कांग्रेस-2026 में प्रदेश की निवेश क्षमता, नीतियों और भावी संभावनाओं की पूरी जानकारी यहाँ पढ़ें।
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के चार दिवसीय दुबई दौरे की विस्तृत जानकारी। जानिए कैसे वे वैश्विक निवेशकों, एआईएम कांग्रेस 2026 और प्रमुख उद्योग समूहों से मिलकर राज्य में निवेश को बढ़ावा दे रहे हैं।






















