आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने दिल्ली में बयान देते हुए कहा कि आज की नई पीढ़ी को आदेश देने के बजाय संवाद और तर्क के जरिए सही दिशा दिखानी चाहिए। जानिए उनके बयान की मुख्य बातें।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन के बीच राहुल गांधी ने शिक्षा मंत्री की बर्खास्तगी की मांग की। जानिए शनिवार को होने वाली सरकार-प्रतिनिधिमंडल बैठक से जुड़ी बड़ी अपडेट।
बाबा सिद्दीकी हत्याकांड की जांच कर रही मुंबई क्राइम ब्रांच को एक बड़ा झटका लगा है। दिल्ली की एक अदालत ने गैंगस्टर अनमोल लविंदरसिंह बिश्नोई को मुंबई पुलिस की हिरासत में सौंपने की अर्जी खारिज कर दी है।
नीट पेपर लीक विवाद और देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों के बीच जेएनयू ने छात्रों, शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए एडवाइजरी जारी की है। जंतर मंतर के प्रदर्शनों से दूर रहने और सोशल मीडिया के इस्तेमाल को लेकर दिए गए निर्देशों की विस्तृत जानकारी यहां पढ़ें।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर जारी सीजेपी के धरना-प्रदर्शन के बीच राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था को और कड़ा कर दिया गया है। संसद मार्ग और टॉलस्टाय मार्ग सहित कई संवेदनशील इलाकों में भारी बैरिकेडिंग की गई है और बड़ी संख्या में सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है।
दिल्ली पुलिस ने हाई कोर्ट के आदेश पर जलवायु कार्यकर्ता एवं शिक्षाविद् सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से उठा लिया और अस्पताल में भर्ती कराया। उनकी बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति के मद्देनजर शनिवार तड़के जंतर-मंतर से सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया।
आतंकी फंडिंग और अवैध घुसपैठ से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग केस में ईडी ने बड़ी कार्रवाई की है। आज यानी गुरुवार को ईडी की टीमों ने दिल्ली, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, हरियाणा और महाराष्ट्र में फैले नेटवर्क को खंगालते हुए 13 अलग-अलग ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की।
दिल्ली हाई कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में कहा है कि किसी आपराधिक केस में सह-आरोपी को दूसरे आरोपी की माफी याचिका का विरोध करने का कोई कानूनी अधिकार नहीं है। अगर कोई आरोपी सरकारी गवाह बनता है, तो अन्य सह-आरोपियों के पास मुकदमे के दौरान जिरह के जरिए उसकी विश्वसनीयता को चुनौती देने का पूरा मौका होता है।
ट्विशा शर्मा मौत केस में एक नया मोड़ सामने आया है। एम्स दिल्ली की टीम ने एक महीने की गहन जांच के बाद तैयार की गई 11 पन्नों की विस्तृत रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में सीबीआई को सौंप दी है। कोर्ट के आदेशों के तहत यह रिपोर्ट गोपनीय रखी गई है।
दिल्ली हाई कोर्ट ने चेक बाउंस मामले में अभिनेता राजपाल यादव की सजा बरकरार रखी है। उन्हें 3 महीने की जेल हुई है। जानें क्या है पूरा मामला और क्यों दोबारा जेल गए अभिनेता।






















