मध्य प्रदेश भाजपा के 47वें स्थापना दिवस पर 17 जिला कार्यालयों का भूमिपूजन हुआ। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने पीएम मोदी के नेतृत्व और भाजपा की विचारधारा को अमर बताया। जानें 'गांव-बस्ती चलो अभियान' का पूरा प्लान।
रीवा में सरकारी कार्यालयों में लेटलतीफी का मामला सामने आया है। तहसील और कलेक्ट्रेट में सुबह 10:45 बजे तक कई अधिकारी और कर्मचारी अनुपस्थित मिले। फरियादी इंतजार करते रहे जबकि कई कमरों में ताले लटके रहे।
मंडला जिले के निवास में लोकायुक्त पुलिस ने SDM कार्यालय के रीडर काशीराम मरावी को 5000 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा। खसरा सुधार के बदले मांगी थी 10 हजार की घूस।
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में आग के तांडव में जीएसटी-सेल टैक्स ऑफिस पूरी तरह जलकर खाक हो गया। आग इतनी भीषण थी कि फायरकर्मियों ने 10 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। शॉर्ट सर्किट से आग लगने का अंदेशा जताया जा रहा है।
मध्यप्रदेश सरकार के परिवहन विभाग ने शासकीय विभागों, निगमों और निकायों द्वारा विभिन्न प्रयोजनों के लिए अनुबंधित किए जाने वाले वाहनों के संबंध में नवीन निर्देश जारी किए हैं। जारी आदेशानुसार अब बगैर वैध दस्तावेजों के किसी भी वाहन को शासकीय कार्यालयों में उपयोग में नहीं लिया जाएगा।
नव वर्ष यानी 2026 में 127 दिन सरकारी कार्यालय बंद रहेंगे। 23 सार्वजनिक अवकाश घोषित किए गए हैं। 104 शनिवार और रविवार रहेंगे। इस प्रकार 127 दिन सरकारी कार्यालय बंद रहेंगे। वहीं 63 दिन ऐच्छिक अवकाश रहेगा। सामान्य प्रशासन विभाग के प्रस्ताव पर सीएम डॉ, मोहन यादव ने अनुमोदन दे दिया है।
मध्यप्रदेश का कटनी जिला इन दिनों सुर्खियों में है। अभी भाजपा विधायक संजय पाठक का मामला निपटपा भी नहीं था और अब एक अन्य भाजपा नेता पर आयकर विभाग ने शिकंजा कस दिया है। भोपाल, इंदौर और जबलपुर की टीम के दो दर्जन अधिकारी पहुंचे, जिससे जिले में हड़कंप मच गया।
मध्य प्रदेश में IAS संतोष वर्मा द्वारा ब्राह्मण समाज पर दिए गए कथित बयान से आक्रोश। भोपाल में ब्राह्मण समाज ने कफन बांधकर प्रदर्शन किया और FIR तथा बर्खास्तगी की मांग करते हुए सीएम हाउस घेराव की चेतावनी दी।
भोपाल कलेक्टर कार्यालय में मंगलवार को जनसुनवाई के दौरान एक महिला ने जमकर हंगामा किया। यही नहीं, महिला ने चीख-चीखकर यह भी कहा कि मैं विधायक हूं। मेरी कहीं सुनवाई नहीं हो रही है। हालांकि इस बीच महिला को पुलिसकर्मी और महिला गार्ड समझाती रही, लेकिन वह नहीं मानी, हंगामा जारी रखा।






















