मध्य प्रदेश के जबलपुर में सीबीआई ने तत्कालीन जीएसटी अधीक्षक सोमेन गोस्वामी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। जीएसटी अधीक्षक सोमेन गोस्वामी को सीबीआई ने दो साल पहले रिश्वत लेते पकड़ा था। दरअसल, गोस्वामी के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के चलते यह कार्रवाई की गई है।
By: Arvind Mishra
Jan 30, 202612:26 PM
जबलपुर। स्टार समाचार वेब
मध्य प्रदेश के जबलपुर में सीबीआई ने तत्कालीन जीएसटी अधीक्षक सोमेन गोस्वामी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। जीएसटी अधीक्षक सोमेन गोस्वामी को सीबीआई ने दो साल पहले रिश्वत लेते पकड़ा था। दरअसल, गोस्वामी के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के चलते यह कार्रवाई की गई है। सीबीआई जांच में गोस्वामी के पास 156 गुना अधिक संपत्ति मिलने का खुलासा हुआ है। 2023 में तत्कालीन जीएसटी अधीक्षक गोस्वामी को सीबीआई ने रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा गया था। यह मामला दामोह नाका स्थित फैक्ट्री से जुड़ा है। जांच में करोड़ों रुपए की संपत्ति और लेन-देन के सबूत सीबीआई के हाथ लगे हैं। सीबीआई की टीम संपत्ति की विस्तृत जांच और कार्रवाई में जुटी है।
घूसखोर पांच अफसरों जेल पहुंचे
सीबीआई टीम ने जीएसटी अधीक्षक कपिल कांबले और अधीक्षक सोमेन गोस्वामी समेत इंस्पेक्टर प्रदीप हजारी, विकास गुप्ता और वीरेंद्र जैन को 20 जून 2023 में सात लाख रुपए की रिश्वत लेते पकड़ा था। उसके बाद रिमांड और फिर विशेष कोर्ट में पेश किया। जहां से पाचों को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया था।
पूछताछ में हुआ था खुलासा
सीबीआई ने खुलासा किया था कि पांचों ने अवकाश के दिन सीजीएसटी कार्यालय में रिश्वत का सौदा किया था। फैक्ट्री सील करने के बाद कांबले ने कई बार फैक्ट्री के मैनेजर भागीरथ राय को फोन लगाकर संपर्क किया था। इतना ही नहीं, तीन जून को उसे आॅफिस में मिलने बुलाया, जबकि शनिवार को सरकारी अवकाश था। भागीरथ कार्यालय पहुंचा, तो कांबले उसे एक रूम में ले गया, जहां एक करोड़ रुपए में फैक्ट्री सील रिलीज आर्डर जारी करने की बात कही थी।
लालच ने पहुंचा अफसरों को जेल
सीबीआई के अनुसार, कांबले ने किसी को लेनदेन का संदेह न हो, इसलिए उसने दोनों फर्मों का चालान काटने की भी बात भागीरथ को बताई। भागीरथ ने सहमति दी, तो कांबले ने दोनों फर्मो का दस लाख 68 हजार का चालान काटा था। इसके बाद 35 लाख अलग से रिश्वत मांगी। पांच जून 2023 को रिश्वत के 25 लाख रुपए देने के साथ ही भागीरथ ने चालान की राशि भी जमा की। बाकी की रकम न मिलने पर कांबले ने भागीरथ और फर्म संचालक को मशीनें कुर्क करने की धमकी दी थी।
एक नजर में समझें पूरा मामला
राजस्थान के कारोबारी की दमोह नोहटा में पान मसाला और तम्बाकू प्रोडक्ट का कारखाना है। 18 मई 2023 को सीजीएसटी के अफसरों ने उसे सील कर दिया था। खोलने की अनुमति देने के एवज में घूस की मांग की थी। जीएसटी अफसर 25 लाख रुपए लेने के बाद भी 7 लाख के लिए अड़े थे। कारोबारी के मैनेजर की शिकायत पर सीबीआई ने 14 जून को ट्रैप की कार्रवाई कर पांच अफसरों को रंगे हाथ दबोचा था। जिन्हें 20 जून तक सीबीआई ने रिमांड पर लेकर पूछताछ की।