मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल की 10वीं-12वीं की परीक्षाएं मंगलवार यानी 10 फरवरी से शुरू हो रही हैं। पहले दिन 12वीं का अंग्रेजी विषय का पेपर होगा। परीक्षाओं को नकलमुक्त, पारदर्शी और अनुशासित ढंग से संपन्न कराने के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
By: Arvind Mishra
Feb 09, 202612:05 PM

भोपाल। स्टार समाचार वेब
मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल की 10वीं-12वीं की परीक्षाएं मंगलवार यानी 10 फरवरी से शुरू हो रही हैं। पहले दिन 12वीं का अंग्रेजी विषय का पेपर होगा। परीक्षाओं को नकलमुक्त, पारदर्शी और अनुशासित ढंग से संपन्न कराने के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। सभी परीक्षा केंद्रों पर सख्त निगरानी व्यवस्था लागू रहेगी। मंडल ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि परीक्षार्थियों को सुबह 8 बजे तक परीक्षा केंद्र पर पहुंचना अनिवार्य होगा। परीक्षा हॉल में प्रवेश की अंतिम समय-सीमा 8.30 बजे तय की गई है। इसके बाद किसी भी परीक्षार्थी को केंद्र में प्रवेश नहीं दिया जाएगा, चाहे कारण कुछ भी हो। यही नहीं, मंडल ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा शुरू होने के बाद पहले दो घंटे तक किसी भी परीक्षार्थी को परीक्षा केंद्र से बाहर जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। मंडल के अधिकारियों के अनुसार प्रश्नपत्र के लीक होने और नकल की घटनाओं को रोकने के लिए यह व्यवस्था लागू की गई है।
तो छात्र की परीक्ष मानी जाएगी निरस्त
यदि कोई परीक्षार्थी किसी भी कारण से दो घंटे के भीतर परीक्षा केंद्र से बाहर जाने का प्रयास करता है, तो उसे अनुमति नहीं दी जाएगी। वहीं यदि परीक्षार्थी दो घंटे पूरे होने के बाद भी परीक्षा केंद्र छोड़ता है, तो उसकी जानकारी तत्काल मंडल को भेजी जाएगी। इस स्थिति में संबंधित छात्र की उत्तरपुस्तिका के साथ प्रश्नपत्र भी जमा करा लिया जाएगा और उसकी परीक्षा निरस्त कर दी जाएगी।
चुटका मिला तो दर्ज होग नकल प्रकरण
माशिमं ने यह भी निर्देश जारी किए हैं कि परीक्षा कक्ष के भीतर किसी भी प्रकार की अनुचित सामग्री जैसे मोबाइल फोन, इलेक्ट्रानिक उपकरण, पर्ची या अन्य संदिग्ध सामग्री पाए जाने पर संबंधित परीक्षार्थी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। ऐसे मामलों में परीक्षार्थी की परीक्षा निरस्त करने के साथ-साथ नकल प्रकरण दर्ज किया जाएगा।
समय पर पहुंचे छात्र, नियमों का करें पालन
मंडल ने विद्यार्थियों से अपील की है कि वे परीक्षा केंद्र पर निर्धारित समय से पहले पहुंचें और सभी नियमों का पालन करें। विद्यार्थियों को केवल अनुमत सामग्री जैसे प्रवेश पत्र, आवश्यक लेखन सामग्री आदि ही साथ लाने की अनुमति होगी। परीक्षा के दौरान अनुशासन बनाए रखना सभी परीक्षार्थियों की जिम्मेदारी होगी।
सीसीटीवी से होगी निगरानी
परीक्षा के सुचारू संचालन के लिए प्रदेशभर के परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की गई है। प्रदेश के 206 संवदेनशील और अति संवेदनशील केंद्रों पर सीसीटीवी लगाए गए हैं। वहीं 700 से अधिक केंद्रों पर जैमर लगाए गए हैं। साथ ही उड़नदस्ता दल की तैनाती और केंद्राध्यक्षों को विशेष निर्देश दिए गए हैं। परीक्षार्थियों की पहचान और प्रवेश प्रक्रिया को भी सख्ती से लागू किया जाएगा, ताकि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की संभावना को रोका जा सके।
17 लाख छात्र देंगे बोर्ड परीक्षा
इस बार प्रदेश में 10वीं-12वीं की परीक्षा में 17 लाख छात्र परीक्षा में शामिल होंगे। इनमें 9 लाख 7 हजार विद्यार्थी कक्षा 10वीं की परीक्षा देंगे, जबकि 7 लाख से अधिक छात्र 12वीं की बोर्ड परीक्षा में बैठेंगे। इतने बड़े स्तर पर होने वाली परीक्षाओं को शांतिपूर्ण, नकलमुक्त और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन और शिक्षा विभाग ने महीनों पहले से तैयारियां शुरू कर दी थीं।
3856 परीक्षा केंद्र, हर जिले में निगरानी
बोर्ड परीक्षाओं के लिए पूरे प्रदेश में 3856 परीक्षा केंद्र बनाए हैं। भोपाल की बात करें तो यहां 10वीं के 30 हजार 746 और 12वीं के 26 हजार 627 छात्र परीक्षा देंगे। इन छात्रों के लिए भोपाल में 104 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। हर जिले में चार-चार फ्लाइंग स्क्वॉड गठित किए गए हैं। इनमें से दो स्क्वॉड विकासखंड स्तर पर और दो जिला स्तर पर काम करेंगे।