राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ इस विजयादशमी के अवसर पर अपनी स्थापना के 100 वर्ष पूर्ण करने जा रहा है। संघ शताब्दी वर्ष का शुभारंभ विजयादशमी उत्सव पर्व के साथ ही शुरू हो जाएगा। उज्जैन महानगर के स्वयंसेवक विजयादशमी पर निकलने वाले पथ संचलन को ऐतिहासिक बनाने के लिए एक माह से घर-घर संपर्क अभियान चलाकर संचलन में चलने और परिवार सहित संचलन को देखने के लिए आमंत्रित कर रहे हैं।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ इस विजयादशमी के अवसर पर अपनी स्थापना के 100 वर्ष पूर्ण करने जा रहा है।
उज्जैन। स्टार समाचार वेब
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ इस विजयादशमी के अवसर पर अपनी स्थापना के 100 वर्ष पूर्ण करने जा रहा है। संघ शताब्दी वर्ष का शुभारंभ विजयादशमी उत्सव पर्व के साथ ही शुरू हो जाएगा। उज्जैन महानगर के स्वयंसेवक विजयादशमी पर निकलने वाले पथ संचलन को ऐतिहासिक बनाने के लिए एक माह से घर-घर संपर्क अभियान चलाकर संचलन में चलने और परिवार सहित संचलन को देखने के लिए आमंत्रित कर रहे हैं। साथ ही नए स्वयंसेवकों को जोड़ने का अभियान भी शुरू किया है। दरअसल, आरएसएस अपने शताब्दी वर्ष में विजयादशमी पर निकलने वाले पथ संचलन को ऐतिहासिक बनाने की तैयारी में जुट गया है। इस बार संचलन को लेकर कई बदलाव किए गए हैं। पहली बार संघ ने पथ संचलन और विजय उत्सव में हर परिवार से एक सदस्य को शामिल करने का लक्ष्य तय किया है। साथ ही इसका समय सुबह के स्थान पर शाम 4 बजे रखा गया है। विभाग कार्यवाह पारस गेहलोत ने जानकारी दी कि हर साल उज्जैन महानगर के 7 नगरों से अलग-अलग संचलन निकलते हैं, जिनमें औसतन एक-एक हजार स्वयंसेवक शामिल होते हैं। लेकिन इस बार लक्ष्य 2 से 3 हजार स्वयंसेवकों का रखा गया है। अधिक से अधिक लोगों को जोड़ने के लिए इस बार का पथ संचलन दशहरे की बजाय रविवार (5 अक्टूबर) को निकाला जाएगा। आमतौर पर संचलन सुबह निकलता है, लेकिन इस बार शाम 4 बजे से होगा। संचलन शुरू होने से पहले समता प्रयोग (पीटी-आसन) का प्रदर्शन और बौद्धिक कार्यक्रम होगा। अलग-अलग नगरों में संघ के विभिन्न पदाधिकारी बौद्धिक देंगे।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ उज्जैन के महानगर प्रचार प्रमुख ओजस व्यास ने बताया कि इस वर्ष स्वयंसेवकों में काफी उत्साह है। उज्जैन महानगर के सात अलग-अलग स्थानों से संचलन निकालने की तैयारियां युद्धस्तर पर चल रही हैं। प्रत्येक नगर से ढाई से तीन हजार स्वयंसेवकों की भागीदारी का अनुमान है। कुल मिलाकर 20 हजार स्वयंसेवक संचलन में शामिल होंगे। पथ संचलन के लिए गणवेश वितरण भी तेजी से किया जा रहा है। इस वर्ष 7 हजार नई गणवेश वितरित करने का लक्ष्य है। अभी तक 3 हजार गणवेश तैयार हो चुकी हैं।
संघ शताब्दी वर्ष का यह संचलन पंच परिवर्तन-कुटुंब प्रबोधन, समरसता, पर्यावरण, नागरिक कर्तव्य और स्वभाव जागरण जैसे प्रमुख कार्यों पर केंद्रित रहेगा।
शताब्दी वर्ष में निकलने वाले इस ऐतिहासिक संचलन को लेकर पुराने और नए स्वयंसेवकों में उत्साह देखा जा रहा है। पथ संचलन को लेकर चिंतामन मार्ग स्थित होटल सॉलिटियर में आरएसएस ने सहयोगी संगठनों के प्रमुखों के साथ बैठक की। जिसमें करीब 300 लोग शामिल हुए।
प्रत्येक घर तक संपर्क कर एक सदस्य को संचलन या विजयोत्सव में शामिल करना है। पदाधिकारी कम से कम पांच लोगों से व्यक्तिगत संपर्क करेंगे। संचलन में हर वर्ग, हर समाज और हर उम्र के लोगों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। डॉक्टर, अभिभाषक, इंजीनियर, उद्योगपति, नौकरीपेशा, समाजसेवी, व्यापारी और कॉरपोरेट जगत के लोग भी शामिल हों। महानगर उज्जैन के सात नगरों से संचलन निकलेगा और प्रत्येक में कम से कम तीन हजार लोग शामिल होंगे।


जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
मध्य प्रदेश में संभावित अल्प वर्षा की स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जारी की विस्तृत कार्ययोजना। जानें फसल चयन, जल संरक्षण और किसानों के लिए सरकार की नई तैयारियों के बारे में।
मध्य प्रदेश में मानसून ने दी दस्तक, पूरे राज्य में तेज बारिश का दौर जारी। मौसम विभाग ने कई जिलों में ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किया। जानें बारिश से जुड़ी ताजा अपडेट और सुरक्षा निर्देश।
दतिया विधानसभा उपचुनाव 2026 का कार्यक्रम घोषित! जानें कब होगा मतदान, क्या है राजेंद्र भारती की सदस्यता रद्द होने का कारण और कैसे लागू हुई आचार संहिता।
मध्य प्रदेश सरकार ने BLO और बीएलओ सुपरवाइजरों का मानदेय दोगुना किया। जानें नई मानदेय राशि, प्रभावी तिथि और त्रैमासिक भुगतान की पूरी जानकारी।
राजा रघुवंशी मर्डर केस में नया मोड़। मेघालय सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर आरोपी पत्नी सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द करने की मांग की। जानिए क्या है पूरा मामला।
केंद्रीय मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलों के बीच विंध्य क्षेत्र को प्रतिनिधित्व मिलने की चर्चाएं तेज हैं। सतना सांसद गणेश सिंह और शहडोल सांसद हिमांद्री सिंह के नाम संभावित दावेदारों में प्रमुख बताए जा रहे हैं।
सतना जिले में हल्की बारिश के बाद भी घंटों बिजली गुल रहने से उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल, पढ़ाई और कारोबार प्रभावित हैं, जबकि लोगों ने स्थायी समाधान की मांग उठाई है।
सतना में मानसून की पहली तेज बारिश ने स्मार्ट सिटी की तैयारियों की पोल खोल दी। कई कॉलोनियों, सड़कों और अंडरब्रिज में जलभराव हुआ, जबकि जिला अस्पताल और बस स्टैंड भी पानी से प्रभावित रहे।
सतना जिला अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों के कई पद रिक्त हैं, जिससे 1500 दैनिक मरीजों की चिकित्सा सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। दूसरी ओर संत मोतीराम स्वास्थ्य केंद्र नि:शुल्क उपचार देकर राहत पहुंचा रहा है।
मध्य प्रदेश में कैलाश विजयवर्गीय की कथित चिट्ठी ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है। जानिए क्या है मामला, मुख्यमंत्री के खिलाफ नाराजगी की सच्चाई और इसके पीछे के राजनीतिक मायने।