वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम 2026 में गूगल ने मध्य प्रदेश के आईटी सेक्टर और डेटा सेंटर में निवेश की इच्छा जताई है। कृषि और शिक्षा में जेमिनी एआई (Gemini AI) के उपयोग पर भी चर्चा हुई।
By: Ajay Tiwari
Jan 20, 20266:33 PM
विश्व आर्थिक मंच (WEF) 2026 के दौरान दावोस में मंगलवार को मध्य प्रदेश के प्रतिनिधिमंडल और गूगल के एशिया पैसिफिक प्रेसिडेंट श्री संजय गुप्ता के बीच एक उच्च स्तरीय बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में गूगल ने मध्य प्रदेश के आईटी (IT), आईटीईएस (ITES) और डेटा सेंटर परियोजनाओं में निवेश करने की गहरी रुचि दिखाई है। मध्य प्रदेश की ओर से नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री राकेश शुक्ला और वरिष्ठ अधिकारियों ने राज्य की क्षमताओं का खाका पेश किया, जिसके बाद गूगल ने प्रदेश को एक उभरते हुए ग्लोबल टेक हब के रूप में विकसित करने पर सहमति जताई।
इस बैठक का सबसे रोमांचक पहलू गूगल के अत्याधुनिक एआई मॉडल 'जेमिनी' (Gemini AI) का उपयोग रहा। गूगल ने प्रस्ताव दिया है कि मध्य प्रदेश के कृषि और शिक्षा क्षेत्रों में नवाचार लाने के लिए जेमिनी एआई के डिजिटल समाधान लागू किए जा सकते हैं। इससे न केवल किसानों को उन्नत कृषि तकनीक मिलेगी, बल्कि प्रदेश की शिक्षा प्रणाली में भी डिजिटल क्रांति आएगी।
मध्य प्रदेश सरकार ने गूगल को आश्वस्त किया है कि डेटा सेंटर जैसी बड़ी परियोजनाओं के लिए राज्य में निर्बाध और सतत बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी। इसके लिए सरकार विशेष रूप से 'हरित ऊर्जा आधारित नीति' (Green Energy Policy) पर काम कर रही है। राज्य के अनुकूल नीतिगत ढांचे और सहयोगी दृष्टिकोण से प्रभावित होकर श्री संजय गुप्ता ने कौशल विकास और डिजिटल बुनियादी ढांचे के विस्तार में सहयोग देने का भरोसा दिया।
गूगल जैसी वैश्विक दिग्गज कंपनी के मध्य प्रदेश में आने से न केवल निवेश बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए कौशल विकास और उच्च स्तरीय तकनीकी नौकरियों के हजारों नए अवसर पैदा होंगे। यह साझेदारी 'विकसित मध्य प्रदेश' के सपने को साकार करने की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगी।
राज्य में निवेश एवं औद्योगिक सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा
वहीं, मध्यप्रदेश स्टेट लाउंज में मध्यप्रदेश के अधिकारियों ने एवरस्टोन समूह के प्रेसिडेंट एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री जयंत सिन्हा के साथ बैठक कर राज्य में निवेश एवं औद्योगिक सहयोग की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। अधिकारियों ने मध्यप्रदेश ने ऑटोमोबाइल एवं इलेक्ट्रिक व्हीकल (ईवी) इकोसिस्टम में अपनी सशक्त उपस्थिति को रेखांकित किया। इंदौर, उज्जैन और भोपाल के आसपास विकसित हो रहे ईवी और ऑटोमोबाइल क्लस्टर्स के साथ वस्त्र एवं परिधान उद्योग में राज्य की स्थापित क्षमताओं तथा नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में मजबूत आधार की जानकारी साझा की गई।चर्चा के दौरान नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री राकेश शुक्ला व अधिकारियों ने उद्योगपतियों के साथ सोलर पैनल, बैटरी, इंगट्स और वेफर्स सहित उपकरण एवं कंपोनेंट विनिर्माण में उपलब्ध निवेश अवसरों पर भी विचार किया गया।