रीवा में 77वें गणतंत्र दिवस पर प्रभारी मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने ध्वजारोहण कर परेड की सलामी ली।
मध्य प्रदेश सरकार ने गणतंत्र दिवस 2026 के लिए मुख्य अतिथियों की घोषणा की। राज्यपाल भोपाल और सीएम मोहन यादव उज्जैन में करेंगे ध्वजारोहण। देखें पूरी सूची।
अयोध्या ने आज एक और ऐतिहासिक क्षण का साक्षी बनकर दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। शुभ मुहूर्त में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और संघ प्रमुख मोहन भागवत ने राम मंदिर के मुख्य शिखर पर धर्मध्वज फहराया। जैसे ही केसरिया ध्वज पवन के संग लहराया, पूरा परिसर जय श्री राम के उद्घोष से गूंज उठा।
अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के गर्भगृह शिखर पर भगवा ध्वज फहराने का दिव्य आयोजन अब अंतिम चरण में है। पीएम नरेंद्र मोदी कल यानी मंगलवार को स्वयं ध्वजारोहण करेंगे। इसके बाद रामपथ पर विशाल रोड शो भी निकालेंगे। पूरे कार्यक्रम को ऐतिहासिक और अलौकिक बनाने के लिए भाजपा और राम मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट दिन-रात जुड़े हुए हैं।
राम मंदिर के ध्वजारोहण समारोह की सुहागिन महिलाओं की कलश यात्रा के साथ शुरुआत हो गई। यह कलश यात्रा सरयू नदी के संत तुलसी घाट से राम मंदिर तक निकाली गई। इसमें सैकड़ों महिलाएं और वैदिक विद्यार्थी शामिल रहे। इधर, प्रभु श्रीराम की नगरी अयोध्या में 25 नवंबर को श्री राम जन्मभूमि मंदिर में भव्य ध्वजारोहण समारोह की तैयारियां जोरों-शोरों से की जा रही हैं।
25 नवंबर को राम मंदिर ध्वजारोहण के लिए अयोध्या एयरपोर्ट पर 45 से अधिक प्राइवेट जेट्स उतरेंगे। सुरक्षा में 48 नए CISF जवान तैनात, 4 नए VIP लाउंज तैयार।
श्रीराम मंदिर ध्वजारोहण समारोह के आयोजन में अब गिनती के दिन बचे हैं। राममंदिर ध्वजारोहण का शुभ मुहूर्त मात्र आधे घंटे का है। ध्वज फहराने का श्रेष्ठ मुहूर्त 25 नवंबर को दोपहर में 12 बजे से 12 बजकर 30 मिनट तक है। पीएम नरेंद्र मोदी श्रीराम जन्मभूमि मंदिर परिसर में श्रीराम मंदिर के साथ साथ अन्य मंदिरों में ध्वज फहराएंगे।
दुर्गापूजा, दीपोत्सव, अक्षय नवमी, परिक्रमा आदि धार्मिक आयोजनों निपटाने के बाद पुलिस थोड़ी चिंतामुक्त हुई है। अब 25 नवंबर को होने वाले ध्वजारोहण समारोह को सकुशल निपटाना चुनौतीपूर्ण है, जिसकी रिहर्सल शुरू कर दी गई है।
भगवान राम की नगरी अयोध्या में मंदिर के शिखर पर ध्वजारोहण समारोह की तैयारियां तेज हो गई हैं। पीएम नरेंद्र मोदी और आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि होंगे। आगामी 25 नवंबर को राम मंदिर के शिखर पर 22 फीट लंबा और 11 फीट चौड़ा ध्वज फहराएंगे।
प्रधानमंत्री मोदी का मानना है कि राम मंदिर सिर्फ राष्ट्र मंदिर नहीं है बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंदिर है। यह बात सभी क्षेत्र, सभी वर्ग और सभी विचारधारा के लोग स्वीकार करें। ऐसा प्रधानमंत्री का सपना है। जब यह सपना साकार होता दिखाई पड़ता है तब मन को संतोष मिलता है।






















