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विश्व युवा कौशल दिवस: युवाओं को सशक्त बनाने और भविष्य को आकार देने का दिन

15 जुलाई को मनाए जाने वाले विश्व युवा कौशल दिवस के महत्व को समझें। यह दिन युवाओं को रोजगार और उद्यमिता के लिए कैसे तैयार करता है, और भारत में कौशल विकास की क्या पहलें हैं, जानें।

By: Ajay Tiwari

Jul 05, 20257:00 PM

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विश्व युवा कौशल दिवस: युवाओं को सशक्त बनाने और भविष्य को आकार देने का दिन

15 जुलाई को हर साल विश्व युवा कौशल दिवस (World Youth Skills Day) मनाया जाता है। यह दिन दुनिया भर के युवाओं को कौशल विकास के महत्व के बारे में जागरूक करने और उन्हें भविष्य के लिए तैयार करने पर केंद्रित है। इसका मुख्य उद्देश्य युवा पुरुषों और महिलाओं को रोजगार, बेहतर काम और उद्यमिता के लिए आवश्यक कौशल से लैस करना है।

क्यों महत्वपूर्ण है कौशल विकास?
आज की तेजी से बदलती दुनिया में, शिक्षा के साथ-साथ व्यावहारिक कौशल (Practical Skills) का होना अत्यंत महत्वपूर्ण है। तकनीकी प्रगति, वैश्विक अर्थव्यवस्था और बदलते कार्यस्थलों के कारण युवाओं को लगातार नए कौशल सीखने और अपने मौजूदा कौशल को निखारने की जरूरत है। विश्व युवा कौशल दिवस इसी बात पर जोर देता है कि:

रोजगार के अवसर बढ़ाना: सही कौशल के बिना, युवाओं के लिए अच्छी नौकरियां ढूंढना मुश्किल हो सकता है। कौशल उन्हें विशिष्ट भूमिकाओं के लिए तैयार करते हैं और नियोक्ता की आवश्यकताओं को पूरा करने में मदद करते हैं।

उद्यमिता को बढ़ावा देना: उद्यमी बनने के लिए केवल विचारों की नहीं, बल्कि मार्केटिंग, प्रबंधन, वित्त और समस्या-समाधान जैसे कौशलों की भी आवश्यकता होती है। यह दिवस युवाओं को उद्यमिता के लिए प्रेरित करता है।

व्यक्तिगत विकास: कौशल सीखना केवल नौकरी पाने के लिए नहीं, बल्कि व्यक्तिगत विकास और आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए भी महत्वपूर्ण है। यह युवाओं को चुनौतियों का सामना करने और जीवन में सफल होने में मदद करता है।

समाज का विकास: जब युवा कुशल होते हैं, तो वे समाज और अर्थव्यवस्था में अधिक प्रभावी ढंग से योगदान कर पाते हैं, जिससे समग्र विकास होता है।

दिवस का इतिहास और उद्देश्य
संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 18 दिसंबर 2014 को एक प्रस्ताव पारित कर हर साल 15 जुलाई को विश्व युवा कौशल दिवस के रूप में नामित किया। तब से, यह दिन यूनेस्को (UNESCO) और अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन (ILO) जैसे संगठनों के सहयोग से मनाया जाता है। इस दिवस के मुख्य उद्देश्य हैं:

  • तकनीकी और व्यावसायिक शिक्षा और प्रशिक्षण (TVET) के महत्व को उजागर करना।
  • कौशल विकास में निवेश को बढ़ावा देना।
  • युवाओं के लिए कौशल-आधारित शिक्षा तक पहुंच में सुधार करना।
  • स्किलिंग, री-स्किलिंग और अप-स्किलिंग के माध्यम से भविष्य के कार्यबल को तैयार करना।

भारत में कौशल विकास की पहल
भारत सरकार भी युवाओं को कौशलवान बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाएं चला रही है, जैसे प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (PMKVY), स्किल इंडिया मिशन आदि। इन योजनाओं का लक्ष्य युवाओं को विभिन्न उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुसार प्रशिक्षित करना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है।

विश्व युवा कौशल दिवस हमें याद दिलाता है कि युवाओं को सशक्त बनाना हमारे सामूहिक भविष्य के लिए आवश्यक है। सरकारों, शैक्षिक संस्थानों, निजी क्षेत्रों और समुदायों को मिलकर काम करना चाहिए ताकि हर युवा को अपनी क्षमता का पूरी तरह से एहसास करने और एक सफल भविष्य बनाने का अवसर मिल सके।

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