घरेलू शेयर बाजार में बुधवार को भी हरियाली रही। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 262.74 अंक बढ़कर 82,643.43 पर और निफ्टी 85.25 अंक चढ़कर 25,324.35 पर आ गया। ऐसे ही शुरुआती कारोबार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 27 पैसे बढ़कर 87.82 पर पहुंच गया। दरअसल, हफ्ते के तीसरे कारोबारी दिन यानी बुधवार को घरेलू शेयर बाजार ने सकारात्मक शुरुआत की।

हफ्ते के तीसरे कारोबारी दिन बुधवारको घरेलू शेयर बाजार ने सकारात्मक शुरुआत की।
मुंबई। स्टार समाचार वेब
घरेलू शेयर बाजार में बुधवार को भी हरियाली रही। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 262.74 अंक बढ़कर 82,643.43 पर और निफ्टी 85.25 अंक चढ़कर 25,324.35 पर आ गया। ऐसे ही शुरुआती कारोबार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 27 पैसे बढ़कर 87.82 पर पहुंच गया। दरअसल, हफ्ते के तीसरे कारोबारी दिन यानी बुधवार को घरेलू शेयर बाजार ने सकारात्मक शुरुआत की। बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 250 अंकों की छलांग लगाकर खुला, जबकि एनएसई का निफ्टी 50 भी 25,300 के ऊपर जाकर ओपन हुआ। शुरुआती कारोबार में बैंकिंग, आॅटो और एफएमसीजी शेयरों में खरीदारी का रुझान देखा गया, जिससे बाजार को मजबूती मिली।

सेंसेक्स के 30 में से 20 शेयरों में तेजी, 10 में गिरावट है। भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, अल्ट्राटेक सीमेंट और ट्रेंट के शेयरों में तेजी है। अडाणी पोर्ट्स, हिंदुस्तान और सनफार्मा के शेयरों में गिरावट है। निफ्टी के 50 शेयरों में से 35 में तेजी, 15 में गिरावट है। आॅटो, मेटल, मीडिया और बैंकिंग इंडेक्स में तेजी है। फार्मा शेयरों में मामूली गिरावट है।
एशियाई बाजारों में जापान का निक्केई 0.21 प्रतिशत चढ़कर 44,996 पर और कोरिया का कोस्पी 0.98 प्रतिशत नीचे 3,415 पर कारोबार कर रहा है। हॉन्गकॉन्ग का हैंगसेंग इंडेक्स 1.27 फीसदी ऊपर 26,775 पर और चीन का शंघाई कंपोजिट 0.41 फीसदी चढ़कर 3,877 पर कारोबार कर रहा है। वहीं मंगलवार को अमेरिका का डाउ जोन्स 0.27 प्रतिशत नीचे 45,757 पर बंद हुआ। नैस्डेक कंपोजिट में 0.07 फीसदी और एसएंडपी 500 में 0.13 प्रतिशत गिरावट रही।
विशेषज्ञों का कहना है कि फेडरल रिजर्व की नीतिगत बैठक से पहले वैश्विक संकेत सकारात्मक बने हुए हैं और निवेशकों में उत्साह नजर आ रहा है। इसके साथ ही, घरेलू स्तर पर त्योहारों से पहले मांग में सुधार और जीएसटी दरों में कटौती का असर भी बाजार की धारणा को मजबूत कर रहा है।
भारत-अमेरिका के बीच चल रही व्यापारिक वार्ता को लेकर निवेशकों की नजर बनी हुई है। इसके साथ ही, यूएस फेडरल रिजर्व के फैसले पर भी बाजार का पूरा फोकस है। ब्याज दरों पर यूएस फेड का निर्णय बुधवार को आने वाला है और जानकारों का मानना है कि इस बार अमेरिकी केंद्रीय बैंक दरों में कटौती कर सकता है।
अगर यूएस फेड दरों में कटौती करता है तो इसका सीधा असर ग्लोबल लिक्विडिटी और कैपिटल फ्लो पर पड़ेगा। विदेशी निवेशक उभरते बाजारों, खासकर भारत जैसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था में, ज्यादा पूंजी निवेश कर सकते हैं। इससे इक्विटी मार्केट को सपोर्ट मिलेगा और रुपया भी स्थिर रह सकता है।
विशेषज्ञों के मुताबिक, दरों में कटौती से अमेरिकी बॉन्ड यील्ड्स में गिरावट आएगी, जिससे विदेशी निवेशक भारतीय बॉन्ड और इक्विटी में निवेश को तरजीह देंगे। वहीं, घरेलू स्तर पर जीएसटी दरों में राहत और त्योहारों की मांग से एफएमसीजी, आॅटो और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेक्टर में और मजबूती देखने को मिल सकती है।


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घरेलू शेयर बाजार में बिकवाली के कारण देश की शीर्ष 10 में से 5 कंपनियों का मार्केटकैप एक लाख करोड़ रुपये से अधिक घट गया है। जानिए टीसीएस, रिलायंस, एलआईसी और एसबीआई समेत किन कंपनियों को हुआ नफा और नुकसान।
रियल एस्टेट सलाहकार सीबीआरई की एक रिपोर्ट के अनुसार, कर्नाटक और महाराष्ट्र सहित सात भारतीय राज्य 2031 तक 1380 नए ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (जीसीसी) स्थापित करने की योजना बना रहे हैं। इन केंद्रों से करीब 12 लाख अतिरिक्त रोजगार पैदा होने का लक्ष्य है।
भारत में आज शुरुआती कारोबार के चंद मिनटों बाद शेयर बाजार की चाल और बिगड़ गई। गुरुवार को शुरुआती कारोबार में भारतीय शेयर बाजार में गिरावट दर्ज की गई। बेंचमार्क सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही लाल निशान पर खुले।
जुलाई 2026 के ताजा आर्थिक आंकड़ों के अनुसार देश की खुदरा महंगाई दर बढ़कर 4.45% हो गई है। खाद्य पदार्थों, प्याज, लहसुन और अदरक की कीमतों में भारी उछाल दर्ज किया गया है।
कारोबार शुरू होने के कुछ ही मिनटों के बाद शेयर बाजार की चाल डगमगा गई। कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और वैश्विक अनिश्चितताओं के दबाव में सेंसेक्स लुढ़क गया। वहीं, निफ्टी में भी गिरावट दर्ज की गई। एशियाई बाजारों में मिला-जुला रूख देखने को मिल।
टाटा समूह के शीर्ष स्तर पर नेतृत्व को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं। टाटा संस के अध्यक्ष एन. चंद्रशेखरन वार्षिक आम बैठक (एजीएम) से पहले पद छोड़ने की खबर है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, उन्होंने अपने करीबी सहयोगियों से इस संभावना पर चर्चा के बाद इस्तीफा दे दिया है।
बार्कलेज प्राइवेट क्लाइंट्स हुरुन इंडिया की ताजा रिपोर्ट मोस्ट वैल्यूएबल फैमिली बिजनेसेज लिस्ट 2026 के अनुसार, मुकेश अंबानी का परिवार भारत का सबसे अमीर कारोबारी परिवार बना हुआ है। संपत्ति में 8.5 फीसदी की गिरावट के बावजूद अंबानी परिवार की कुल संपत्ति 25.8 लाख करोड़ रुपए दर्ज की गई है।
भारतीय शेयर बाजार में आज कारोबार की शुरुआत कमजोर रही। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स टूट गया, जबकि निफ्टी नीचे फिसल गया है। निवेशकों के बीच मिडिल ईस्ट की स्थिति और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों को लेकर चिंता बरकरार है। वहीं एयरटेल और इंडिगो जैसे बड़े शेयरों में कमजोरी ने भी बाजार पर दबाव बनाया।
भारतीय घरेलू शेयर बाजार में आज शुरुआती कारोबार के दौरान हल्की तेजी देखने को मिली। सेंसेक्स और निफ्टी दोनों सीमित बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे। बाजार को घरेलू मांग मजबूत रहने, कंपनियों के उम्मीद से बेहतर पहली तिमाही के नतीजों और विदेशी निवेशकों की खरीदारी से सहारा मिला।
9 अगस्त 2026 को साप्ताहिक अवकाश के कारण सोने और चांदी के भाव में कोई बदलाव नहीं हुआ है। जानिए दिल्ली, मुंबई, चेन्नई समेत देश के प्रमुख शहरों में 22 और 24 कैरेट सोने-चांदी की ताजा कीमतें।