रीवा जिले की ब्लॉक शिक्षा अधिकारी आकांक्षा सोनी पर स्कूल निरीक्षण के नाम पर शासन की राशि के दुरुपयोग, गैर अनुबंधित वाहन उपयोग, शिक्षकों को कार्यालय में अटैच कर गैर शैक्षणिक कार्य कराने और प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगे हैं। शिकायत के बाद डीईओ ने तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित की है। मामला शिक्षकों के वेतन, जीपीएफ और पेंशन प्रकरणों की लापरवाही से भी जुड़ा है।

हाईलाइट्स
रीवा, स्टार समाचार वेब
स्कूल शिक्षा विभाग फिर विवादों में हैं। पहले डीईओ पर गाज गिरी। अब बीईओ भी जांच घेरे में आ गई हैं। बीईओ के खिलाफ गंभीर अनियमितता की शिकायत कलेक्टर से की गई थी। इस मामले में डीईओ ने तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित कर दी है। शासन की राशि का दुरुपयोग और आदेशों की अवहेलना करने का आरोप लगाया गया है।
स्कूल शिक्षा विभाग में ब्लाक शिक्षा अधिकारी रीवा आकांक्षा सोनी की मुश्किलें बढ़ गई हैं। डीडीओ मिलने के बाद वह पद और पॉवर का दुरुपयोग करने लगी। अब उनकी यही लापरवाही भारी भड़ने वाली है। कलेक्टर से बीईओ के खिलाफ वित्त्तीय अनियमितता की शिकायत की गई है। उनके वाहन का लॉग बुक ही सारी अनियमितता की कहानी बयां कर रहा है। स्कूलों के निरीक्षण में दूरियों को अधिक दर्शाया गया है। बिना अनुबंध के वाहन का उपयोग किया गया। इतना ही नहीं कार्यालय में कई शिक्षकों को अटैच कर गैर शिक्षकीय कार्य कराए जा रहे हैं। इससे भी इनकी परेशानी बढ़ने वाली है। कलेक्टर ने आकांक्षा सोनी की तरहटी निवासी महावीर विश्वकर्मा ने शिकायत की है। तीन सदस्यीय टीम डीईओ ने बना दी है। तीन दिन में रिपोर्ट मांगी गई है।
ये सदस्य करेंगे मामले की जांच
बीईओ के खिलाफ की गई शिकायत की जांच के निर्देश डीईओ ने दिए हैं। तीन सदस्यीय टीम बनाई गई है। इसमें श्रीमती प्रतिभा साराभाई बीईओ रायपुर कर्चुलियान, जेपी जायसवाल शा उत्कृष्ट विद्यालय मार्तण्ड क्रमांक 1और सीपी साकेत शासकीय पीएम श्री उमावि गोड़हर को शामिल किया गया है।
कार्यालय में कई शिक्षकों को नियम विरुद्ध किया गया अटैच
शिकायत में बीईओ आकांक्षा सोनी पर पद का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया गया है। कार्यालय में नियम विरुद्ध एक दर्जन से अधिक शिक्षकों, कर्मचारियों को गैर शिक्षकीय कार्यों में अटैच किए जाने की शिकायत की गई है। शरद पई सहायक शिक्षक, रामकिंग त्रिपाठी अध्यापक, शिप्रा सर्राफ अध्यापक, मयंक पाण्डेय सहायक अध्यापक, महेद्र श्रीवास्तव सहायक शिक्षक, राजेश दुबे प्राथमिक शिक्षक, निति सिंह आपरेटर कार्यालय में अटैच हैं। इसके अलावा सीएम हेल्पलाइन के नाम पर सतीश पाण्डेय शिक्षक एवं शिवेन्द्र पाण्डेय को भी कार्यालय में ही अटैच किया गया है।
स्कूल भ्रमण में अनियमितता का आरोप
शिकायत में आकाक्षा सोनी बीईओ पर धन का दुरुपयोग किए जाने का भी आरोप लगाया गया है। लॉग बुक की छायाप्रति भी दी गई है। इसमें बीईओ एक दिन में सुबह से शाम तक एक ही स्कूल का निरीक्षण दर्शाई हुई हैं। इसके लिए 1 हजार रुपए का भुगतान भी की है। विद्यालय के भ्रमण के नाम पर 63 हजार रुपए का भुगतान की हैं। 5 किमी दूर रीवा शहर की स्कूलों को भी 35 किमी दर्शाया गया है। आरोप है कि जिन विद्यालय का लाग बुक में भ्रमण दिखाया गया है। वहां बीईओ कभी गई ही नहीं। इसके अलावा जिस ट्रैवल एजेंसी माह रेणुका की गाड़ी से भ्रमण किया गया है। उसका अनुबंध भी नहीं हुआ है।
शिक्षकों को प्रताड़ित करने का भी आरोप
शिकायत में बीईओ पर शिक्षकों को प्रताड़ित करन का भी आरोप लगाया गया है। शिकायत में कहा गया है कि जब से आकांक्षा सोनी को डीडीओ मिला है। तब से शिक्षकों को परेशान किया जा रहा है। समय पर वेतन का भुगतान नहीं किया जाता। सातवें वेतन का एयिर भुगतान रोका गया है। पेश्ांन प्रकरणों का निराकरण नहीं किया जा रहा है। जीपीएफ में भी लापरवाही का आरोप लगाया गया है।


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