तेलंगाना के रंगा रेड्डी जिले के चेवेल्ला इलाके में बीती देर रात एक तेज रफ्तार फोर्ड ईकोस्पोर्ट कार डिवाइडर से टकरा गई। इस हादसे में चार छात्रों की मौत हो गई। हादसे में एक छात्रा घायल है, जिसकी हालत गंभीर है। मृतकों के शव चेवेल्ला सरकारी अस्पताल में पीएम के लिए भेज दिए गए हैं।
प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने आरोपी को दोषी पाया और उसे मृत्युदंड एवं 10,000 रुपए का जुर्माना भी लगाया। अभियोजन पक्ष का कहना है कि आरोपी एक निजी स्कूल में काम करता था। वो अपनी 25 साल की पत्नी के चरित्र पर शक करता था।
तेलंगाना के रंगारेड्डी जिले में सोमवार सुबह भीषण सड़क हादसा हो गया। यहां एक बस और डंपर में टक्कर हुई, जिसमें 24 लोगों की मौत हो गई। हादसे में आठ लोग घायल हो गए हैं। जिन्हें स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं दावा किया जा रहा है कि मृतकों का आंकड़ा बढ़ सकता है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान मोहम्मद अजहरुद्दीन को तेलंगाना की रेड्डी सरकार ने अपने मंत्रिमंडल में शामिल कर लिया है। अजहरुद्दीन ने शुक्रवार को सीएम रेवंत रेड्डी के नेतृत्व वाली तेलंगाना सरकार के मंत्रिमंडल में मंत्री पद की शपथ ली।
तेलंगाना की रेवंत सरकार को सुप्रीम कोर्ट से झटका लगा है। कोर्ट ने सरकार की उस अर्जी को खारिज कर दिया जिसमें अन्य पिछड़ा वर्ग, या ओबीसी, समुदायों के लिए बढ़े हुए आरक्षण पर हाई कोर्ट के अंतरिम स्टे को चुनौती दी गई थी।
तेलंगाना सरकार ने बुधवार को सुप्रीम कोर्ट में कहा कि राज्यपाल अभियोजन स्वीकृति देने के मामले में भी मंत्रिपरिषद की सलाह लेने के लिए बाध्य होते हैं। जब कोई मंत्री या मुख्यमंत्री किसी आपराधिक मामले में शामिल हों, तभी राज्यपाल पर ये बाध्यता नहीं होती।
तेलंगाना की सत्तारूढ़ बीआरएस पार्टी ने एमएलसी के. कविता को पार्टी विरोधी गतिविधियों के आरोप में निलंबित कर दिया है। कविता ने आरोप लगाया था कि उन्हें साजिश के टीबीजीकेएस से हटाया गया और पार्टी के अंदर ही कुछ नेता उन्हें हाशिये पर धकेलने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने एक लीक हुए पत्र को लेकर पार्टी नेतृत्व पर सवाल उठाए थे।
सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को तेलंगाना सरकार के डोमिसाइल नियम को बरकरार रखते हुए बड़ा फैसला सुनाया। इस फैसले के तहत, राज्य कोटे से मेडिकल और डेंटल कॉलेजों में वही छात्र दाखिला पा सकेंगे, जिन्होंने तेलंगाना में कक्षा-12 तक के अंतिम चार साल पढ़ाई की है। हालांकि, इस मामले की विस्तृत जजमेंट आने बाकी है।
सुप्रीम कोर्ट ने तेलंगाना में दलबदल करने वाले भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के विधायकों की अयोग्यता पर तेजी से निर्णय लेने का निर्देश विधानसभा अध्यक्ष को दिया है। कोर्ट ने स्पष्ट कहा कि यह फैसला तीन महीने के भीतर हो जाना चाहिए, वरना लोकतंत्र को नुकसान पहुंच सकता है।





















