मध्यप्रदेश के डिंडोरी जिले के ग्राम पिपरिया की 25 वर्षीय कीर्ति चंदेल को बेहतर इलाज के लिए एयर एंबुलेंस के माध्यम से भोपाल एम्स भेजा गया। कीर्ति के माता-पिता खेती-मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण वे बेटी की गंभीर बीमारी का महंगा इलाज कराने में सक्षम नहीं थे।
By: Arvind Mishra
Jan 08, 20262:15 PM

डिंडोरी। स्टार समाचार वेब
मध्यप्रदेश के डिंडोरी जिले के ग्राम पिपरिया की 25 वर्षीय कीर्ति चंदेल को बेहतर इलाज के लिए एयर एंबुलेंस के माध्यम से भोपाल एम्स भेजा गया। कीर्ति के माता-पिता खेती-मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण वे बेटी की गंभीर बीमारी का महंगा इलाज कराने में सक्षम नहीं थे। भाई पुनु दास चंदेल ने बताया कि दो माह पूर्व रायपुर मेडिकल कॉलेज में कीर्ति के कमर के ट्यूमर की सर्जरी कराई गई थी, लेकिन स्वास्थ्य में सुधार न होने पर उन्हें जिला चिकित्सालय डिंडोरी के आईसीयू वार्ड में भर्ती कराया गया था। मरीज की गंभीर स्थिति को देखते हुए जिला चिकित्सालय अधिकारी डॉ. मनोज पांडे ने तत्काल कलेक्टर अंजू पवन भदोरिया को वस्तुस्थिति से अवगत कराया।

एयर एंबुलेंस की सुविधा
कलेक्टर ने गंभीरता को हुए भोपाल उच्च अधिकारियों से चर्चा की, जिसके बाद केंद्र सरकार की पीएम श्री योजना के अंतर्गत मरीज को एयर एंबुलेंस की सुविधा प्रदान करने का निर्णय लिया गया। एयर एम्बुलेंस को बुधवार को दोपहर साढ़े 12 बजे आना था। टाइम चेंज होकर ढाई बजे हुआ। फिर कैंसिल हो गया। इसके बाद आज गुरुवार को सुबह 10.45 बजे बेटी को एयरलिफ्ट किया गया।
कलेक्टर ने दिया अपना मोबाइल नंबर
भोपाल रवाना करने से पहले कलेक्टर ने स्वयं एयर एम्बुलेंस में जाकर कीर्ति से बात की और उन्हें सांत्वना देते हुए कहा-वे बिल्कुल चिंता न करें, वे जल्द स्वस्थ हो जाएंगी। कलेक्टर ने अपना निजी मोबाइल नंबर भी साझा किया ताकि किसी भी प्रकार की आवश्यकता होने पर वे सीधे संपर्क कर सकें और हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया।
प्रशासनिक अमला रहा मौजूद
एयर एम्बुलेंस का संचालन पायलट कैप्टन जेएस चौहान और कैप्टन संजय कुमार शर्मा द्वारा किया गया, जिसमें मरीज के साथ उनके परिवार का एक सदस्य और डॉ. पंकज मौजूद रहे। इस दौरान जिला प्रशासन से एसडीएम भारती मेरावी, एसडीओपी सतीश द्विवेदी, जिला चिकित्सालय अधिकारी मनोज पांडे सहित अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।
हेलीपैड के पास लट रहे थे तार

इधर, इस दौरान एक बड़ी लापरवाही से सामने आई। डिंडोरी में मरीज को एयर लिफ्ट करने पहुंची एयर एम्बुलेंस 15 मिनट तक आसमान में मंडराती रही। हेलीपैड के आसपास बिजली के तार होने से पायलट को एयर एम्बुलेंस उतारने में काफी परेशानी आई। हेलीकॉप्टर जब पुलिस ग्राउंड में लैंड हुआ तो पायलट संजय शर्मा ने अधिकारियों से पूछा- हेलीपैड के पास बीजली के तार क्यों लटक रहे हैं, इन्हें अलग करवाइए। ऐसा हेलीपैड पहली बार देखा है। पायलट के टोकने पर प्रशासन ने हेलीपैड के आसपास से तुरंत तार हटवाए।