कनाडा के कैलगरी में दिलजीत दोसांझ के कॉन्सर्ट में खालिस्तान समर्थकों ने हंगामा किया। दिलजीत ने उन्हें शो से बाहर निकालने का आदेश दिया। वहीं CSIS रिपोर्ट 2025 ने कनाडा में खालिस्तानी चरमपंथ को एक बड़ी चुनौती बताया है।

कनाडा के कैलगरी में आयोजित मशहूर पंजाबी गायक दिलजीत दोसांझ के कॉन्सर्ट में उस वक्त तनाव की स्थिति पैदा हो गई, जब भारी भीड़ के बीच कुछ खालिस्तान समर्थकों ने प्रतिबंधित झंडे लहराने शुरू कर दिए। रंगीन रोशनी और संगीत के बीच चल रहे इस कार्यक्रम में बाधा डालने की कोशिश की गई, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
पारंपरिक परिधान में प्रस्तुति दे रहे दिलजीत दोसांझ ने जैसे ही भीड़ के बीच यूएपीए (UAPA) के तहत प्रतिबंधित आतंकी समूहों का प्रतिनिधित्व करने वाले झंडे देखे, उन्होंने तुरंत अपना प्रदर्शन रोक दिया। हाथ में माइक लेकर उन्होंने सीधे तौर पर उन लोगों की ओर इशारा किया और उन्हें हंगामा बंद करने की हिदायत दी। गायक ने सुरक्षाकर्मियों को स्पष्ट आदेश दिया कि ऐसे तत्वों को कॉन्सर्ट से तुरंत बाहर निकाल दिया जाए। यह पहली बार नहीं है जब दिलजीत के कार्यक्रमों में इस तरह की बाधा डालने की कोशिश की गई है।
इस घटना के साथ ही कनाडाई सुरक्षा खुफिया सेवा (CSIS) की एक चौंकाने वाली रिपोर्ट भी सामने आई है। कनाडाई संसद में पेश की गई वर्ष 2025 की वार्षिक रिपोर्ट में आधिकारिक तौर पर स्वीकार किया गया है कि कनाडा में सक्रिय खालिस्तानी तत्व देश की सुरक्षा के लिए खतरा बने हुए हैं। रिपोर्ट के कहा गया कि कनाडा में स्थित खालिस्तानी चरमपंथी (CBKE) समूह अपने हिंसक एजेंडे को बढ़ावा देने के लिए कनाडाई संस्थानों का उपयोग कर रहे हैं। ये समूह भोले-भाले लोगों से धन इकट्ठा करते हैं, जिसका उपयोग हिंसक गतिविधियों को अंजाम देने के लिए किया जाता है। रिपोर्ट के अनुसार, इन तत्वों की गतिविधियां लगातार हिंसक चरमपंथ को बढ़ावा दे रही हैं।
पिछले कुछ वर्षों में खालिस्तानी तत्वों के प्रति कनाडा सरकार के नरम रुख को लेकर भारत ने बार-बार चिंता जताई है, जिसके कारण दोनों देशों के कूटनीतिक संबंधों में काफी खटास आई है। सीएसआईएस की यह नई रिपोर्ट भारत के उन दावों की पुष्टि करती है जिनमें कनाडा में पनप रहे अलगाववादी और चरमपंथी ढांचे की बात कही गई थी।

जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिका के साथ युद्ध खत्म करने, होर्मुज जलडमरूमध्य खोलने और परमाणु वार्ता शुरू करने के लिए 7 दिवसीय योजना का प्रस्ताव रखा है।
व्यापार, तकनीक और रणनीतिक मतभेदों के बीच अमेरिका और चीन के रिश्तों में एक सकारात्मक नरमी देखने को मिली है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच वॉशिंगटन स्थित व्हाइट हाउस में बेहद गर्मजोशी भरी मुलाकात हुई। इस अवसर पर ट्रंप और प्रथम महिला मेलानिया ट्रंप ने शी जिनपिंग और उनकी पत्नी पेंग लियुआन का राजकीय स्वागत किया ।
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के तीन दिवसीय अमेरिकी दौरे पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दशकों पुराना प्रोटोकॉल तोड़कर खुद एयरपोर्ट पर स्वागत किया। जानिए इस भव्य स्वागत के कूटनीतिक और आर्थिक मायने।
अमेरिका में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन और मुख्यधारा के मीडिया संस्थानों के बीच चल रही तनातनी में अदालत का बड़ा फैसला सामने आया है। एक अमेरिकी संघीय अदालत ने ट्रंप प्रशासन को निर्देश दिया है कि वह सीएनएन, एमएस नाउ और पॉलिटिको के पत्रकारों का व्हाइट हाउस प्रवेश तुरंत बहाल करे।
न्यूयॉर्क में UN जनरल असेंबली के दौरान अमेरिका और ईरान के बीच मध्यस्थों के जरिए करीब 3 घंटे बातचीत हुई। डोनाल्ड ट्रम्प की धमकी और ईरान की शर्तों के साथ पूरी खबर विस्तार से पढ़ें।
न्यूयॉर्क में UNGA के दौरान भारत और V4 देशों की पहली उच्च स्तरीय बैठक हुई। स्लोवाकिया ने UNSC में भारत की स्थायी सदस्यता का समर्थन किया।
अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेन्ट की चेतावनी, ईरानी एयरलाइंस का अंतरराष्ट्रीय संचालन इस सप्ताह हो सकता है बंद। डॉलर सिस्टम से बाहर करने की धमकी और वैश्विक असर
व्हाइट हाउस ने 24 घंटे का स्ट्रीमिंग चैनल 'TRUMP TV' लॉन्च किया है। दूसरी ओर, मीडिया प्रतिबंध के खिलाफ सीएनएन और पोलिटिको ने कोर्ट में मुकदमा दायर किया है।
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने देश के शैक्षणिक संस्थानों और सार्वजनिक व्यवस्था से जुड़े सुधारों को लेकर एक बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने घोषणा की है कि इटली के स्कूलों में जल्द ही बुर्का और नकाब पहनने पर पूरी तरह से रोक लगाई जाएगी।
रूस में संसदीय चुनाव के आखिरी दिन मॉस्को पर सैकड़ों ड्रोन से हमला हुआ, जिसमें दो लोगों की मौत हो गई। राष्ट्रपति पुतिन के लिए यह चुनाव यूक्रेन युद्ध की नीतियों की अग्निपरीक्षा माना जा रहा है।