सतना-मैहर में खरीफ सीजन के लिए खाद का पर्याप्त भंडारण होने के सरकारी दावों के बावजूद बिक्री केंद्रों पर किसानों की लंबी कतारें लगी हैं। आंकड़ों में उपलब्धता और वास्तविक वितरण के बीच बड़ा अंतर सामने आया है।
सतना जिले में खरीफ सीजन से पहले उर्वरक उपलब्धता चिंता का विषय बन गई है। जरूरत के मुकाबले केवल एक-तिहाई खाद उपलब्ध है, जबकि डीएपी का स्टॉक बेहद सीमित होने से किसानों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।














