मध्यप्रदेश में मासूमों का काल बना कफ सिरप के केस में एक के बाद एक नए-नए और चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। अभी तक की जांच में ऊपर से लेकर नीचे तक मिलीभगत नजर आ रही है। जिसमें कुछ नाम उजागर हो चुके हैं। कुछ नामों में अभी भी पर्दा डालने का प्रयास किया जा रहा है।
मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा और आसपास के जिलों में 'कोल्ड्रिफ' नामक जहरीली कफ सिरप पीने से 24 से अधिक बच्चों की किडनी फेल होने से हुई मौत के मामले में तमिलनाडु स्थित श्रीसन फार्मा कंपनी के मालिक रंगनाथन गोविंदन को स्थानीय अदालत ने न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। एसआईटी (SIT) द्वारा 10 दिन की पुलिस हिरासत समाप्त होने के बाद उन्हें परासिया कस्बे में एडिशनल सेशन जज गौतम गुर्जर के समक्ष पेश किया गया था।
सिवनी के हवाला डकैती मामले में गिरफ्तार SDOP पूजा पांडे और 10 अन्य पुलिसकर्मियों को दो दिन की रिमांड पूरी होने पर न्यायालय ने 30 अक्टूबर तक जेल भेजा। SIT अब तक ₹2.70 करोड़ बरामद कर चुकी है और गहराई से जाँच कर रही है।
मध्य प्रदेश के कफ सिरप कांड में बड़ा एक्शन, एसआईटी ने चेन्नई से श्रीसन फार्मास्युटिकल्स के मालिक गोविंदन रंगनाथन को किया गिरफ्तार। जानें मृतकों का आंकड़ा और सुप्रीम कोर्ट में क्या हुआ।
मध्य प्रदेश के चर्चित हनीट्रैप कांड की CD को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ और गोविंद सिंह के खिलाफ दायर जनहित याचिका हाईकोर्ट ने खारिज कर दी है। कोर्ट ने सबूतों के अभाव और अखबारों की खबरों को ठोस आधार न मानते हुए यह फैसला सुनाया। जानें क्या था पूरा मामला और कोर्ट का तर्क।


















