सतना-पन्ना रेल परियोजना के तहत पहली ट्रायल ट्रेन के देवेंद्रनगर पहुंचने पर ऐतिहासिक जश्न मनाया गया। हजारों लोगों ने इस यादगार पल का स्वागत किया। रेल संरक्षा आयुक्त ने ट्रैक का निरीक्षण और स्पीड ट्रायल भी किया।
पन्ना-खजुराहो रेल परियोजना में पहले 54,578 पेड़ों की कटाई के बाद अब नए एलाइनमेंट से 50 हजार और पेड़ों पर खतरा मंडरा रहा है। दूरी, लागत और पर्यावरणीय नुकसान को लेकर रेलवे की योजना सवालों के घेरे में है।
सतना-पन्ना नई रेल लाइन परियोजना तेजी पकड़ रही है। बरेठिया से नागौद तक ट्रैक बिछाने का काम सितंबर में स्पीड ट्रायल के लिए तैयार होगा और दिसंबर तक देवेंद्रनगर तक 20 किमी ट्रैक पूरा करने का लक्ष्य है। सुरंग निर्माण और विद्युतीकरण का कार्य भी चल रहा है। 2027 तक सतना-पन्ना रेल मार्ग पर ट्रेनें दौड़ने लगेंगी, जिससे बघेलखंड-बुंदेलखंड के बीच रेल संपर्क मजबूत होगा।















