अमेरिका के मिनेसोटा के टविन सिटीज क्षेत्र में एक हेलीकॉप्टर क्रैश हो गया। जिसमें सभी सवारों की मौत हो गई। दुर्घटनाग्रस्त हुआ हेलीकॉप्टर रॉबिन्सन आर-66 था। हेलीकॉप्टर में कितने लोग सवार थे इस बारे में कोई जानकारी सामने नहीं आई है। दरअसल, अमेरिका में शनिवार को एक हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया और उसमें आग लग गई।

अमेरिका में शनिवार को एक हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया और उसमें आग लग गई।
नई दिल्ली। स्टार समाचार वेब
अमेरिका के मिनेसोटा के टविन सिटीज क्षेत्र में एक हेलीकॉप्टर क्रैश हो गया। जिसमें सभी सवारों की मौत हो गई। दुर्घटनाग्रस्त हुआ हेलीकॉप्टर रॉबिन्सन आर-66 था। हेलीकॉप्टर में कितने लोग सवार थे इस बारे में कोई जानकारी सामने नहीं आई है। दरअसल, अमेरिका में शनिवार को एक हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया और उसमें आग लग गई। अधिकारियों ने पुष्टि की है कि हादसे में सवार सभी लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। दुर्घटनाग्रस्त हेलीकॉप्टर को रॉबिन्सन आर-66 के रूप में पहचाना गया है। यह एयरलेक एयरपोर्ट के पश्चिम में दुर्घटनाग्रस्त हुआ। स्थानीय समयानुसार यह घटना दोपहर करीब 2:45 बजे हुई। पुलिस के अनुसार, दुर्घटना का स्थल गैर-आवासीय और गैर-व्यावसायिक क्षेत्र में है। जमीन पर किसी के घायल होने का कोई संकेत नहीं मिला।
मौके पर पहुंचे आपातकालीन कर्मियों ने देखा कि हेलीकॉप्टर पूरी तरह आग में जल रहा था। हादसे में सवार कोई भी यात्री जीवित नहीं था। पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया। हेलीकॉप्टर की जांच और दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के लिए अधिकारी पूरी तरह जुट गए हैं। अभी यह स्पष्ट नहीं है कि हेलिकॉप्टर में कितने लोग सवार थे।
रॉबिन्सन आर-66 एक लाइटवेट, सिंगल-इंजन टर्बाइन हेलीकॉप्टर है जिसे रॉबिन्सन हेलीकॉप्टर कंपनी ने डिजाइन किया है। इसमें ग्लास कॉकपिट और आधुनिक एवियोनिक्स सिस्टम लगा होता है, जो पायलट को उड़ान के दौरान बेहतर दृश्य और नेविगेशन सुविधा प्रदान करता है। इसका डिजाइन छोटे व्यवसायिक उपयोग, निजी उड़ान और प्रशिक्षण उद्देश्यों के लिए उपयुक्त है। इसकी अधिकतम उड़ान क्षमता लगभग 350 मील है। यह 24,500 फीट की ऊंचाई तक उड़ सकता है।
आर-66 में एक पायलट और चार यात्री के बैठने की सुविधा है। इसका हल्का वजन और शक्तिशाली टर्बाइन इंजन इसे छोटे और मध्यम दूरी के लिए आदर्श बनाता है। इसके अतिरिक्त, इसकी संरचना और डिजाइन हेलिकॉप्टर को तेज गति, स्थिरता और बेहतर ईंधन दक्षता देती है। यह हेलीकॉप्टर अक्सर निजी मालिकों, छोटे व्यवसायों और प्रशिक्षण स्कूलों द्वारा इस्तेमाल किया जाता है।


जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

आहत जनता को राहत...निचले स्तर पर आई थोक महंगाई

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
पाकिस्तान ने एक बार फिर अपने नागरिकों पर महंगाई का बम फोड़ दिया है। डीजल और पेट्रोल की कीमतें 50 फीसदी से ज्यादा बढ़ा दीं। एक महीने से भी कम समय में यह दूसरी बड़ी बढ़ोतरी है। यह बढ़ोतरी मध्य पूर्व में चल रहे संघर्ष के कारण वैश्विक तेल कीमतों में हो रही तेज वृद्धि के चलते की गई है।
रूसी सैन्य परिवहन विमान एएन-26 एक चट्टान से टकराकर क्रैश हो गया। हादसे में विमान में सवार 29 लोगों की मौत हो गई। यह दुर्घटना संभवत: किसी तकनीकी खराबी के कारण हुई है। विमान के क्रैश होने के कारणों की पड़ताल की जा रही है।
मध्य पूर्व (मिडल ईस्ट) में तनाव चरम पर पहुँच गया है। ताजा घटनाक्रम में अमेरिका ने ईरान के रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण शहर इस्फहान में एक विशाल हथियार डिपो को निशाना बनाते हुए भीषण हवाई हमला किया है।
ईरानी संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाघर गालिबफ ने अमेरिका और इजरायल को चेतावनी दी है कि ईरानी सेना किसी भी हमले का करारा जवाब देगी। जानें होर्मुज स्ट्रेट और अमेरिकी ठिकानों पर ईरान का क्या है नया रुख।
पाकिस्तान के बलूचिस्तान में क्वेटा के पास गैस पाइपलाइन को बम से उड़ाने की घटना ने देश में ऊर्जा संकट को गहरा दिया है। जानें कैसे उग्रवादी संगठनों ने गैस बुनियादी ढांचे को एक रणनीतिक हथियार बना लिया है।
मिडिल-ईस्ट में युद्ध के बादल छाए। अमेरिका ने ईरान की सीमा के पास 50,000 सैनिक और घातक हथियार तैनात किए। जानें ट्रंप प्रशासन की बड़ी स्ट्राइक की योजना और सैन्य तैनाती की पूरी रिपोर्ट।
अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध का खतरा बढ़ा। 3500 अमेरिकी सैनिक USS त्रिपोली से मिडिल ईस्ट पहुंचे। जानें ईरान की 'नरक' वाली चेतावनी और पाकिस्तान में हो रही 3 देशों की गुप्त बैठक के मायने।
रूस ने घरेलू कीमतों को नियंत्रित करने के लिए 31 जुलाई तक पेट्रोल निर्यात रोका। जानें इजराइल-ईरान जंग और इस फैसले का भारतीय तेल बाजार पर क्या होगा असर।
मिडिल ईस्ट में तनाव बढ़ा; यमन के हूती विद्रोहियों ने इजराइल के बेर्शेबा पर हमला किया। ईरान ने सऊदी, यूएई और कुवैत सहित 5 देशों को बनाया निशाना। पढ़ें विस्तृत रिपोर्ट।