मध्यप्रदेश में एक बार फिर मौसम ने करवट बदली है। आंधी-बारिश और ओलावृष्टि का सिलसिला शुरू हो गया है। इसके साथ ही प्रदेश में एक बार फिर ठंड लौट आई है। मौसम के अचानक बदलने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। वहीं राजधानी भोपाल में आज यानी शुक्रवार को सुबह से ही बूंदाबांदी का सिलसिला शुरू हो गया है।
By: Arvind Mishra
Feb 20, 202611:00 AM

भोपाल। स्टार समाचार वेब
मध्यप्रदेश में एक बार फिर मौसम ने करवट बदली है। आंधी-बारिश और ओलावृष्टि का सिलसिला शुरू हो गया है। इसके साथ ही प्रदेश में एक बार फिर ठंड लौट आई है। मौसम के अचानक बदलने से किसानों की चिंता बढ़ गई है। वहीं राजधानी भोपाल में आज यानी शुक्रवार को सुबह से ही बूंदाबांदी का सिलसिला शुरू हो गया है। यही नहीं, तेज हवाएं भी चल रही हैं। इससे पहले रात में भी कहीं-कहीं तेज बारिश हुई थी। मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है कि आज और कल भी बारिश होगी। दरअसल, प्रदेश के 25 जिलों के 80 शहरों और कस्बों में तेज आंधी के साथ बारिश और ओलावृष्टि दर्ज की गई, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। सबसे बुरा असर उज्जैन संभाग में देखने को मिला है।

फसलें पूरी तरह आड़ी
उज्जैन के घट्टिया, महिदपुर और उन्हेल जैसे ग्रामीण इलाकों में ओलावृष्टि और तेज हवाओं के कारण खेतों में खड़ी फसलें पूरी तरह आड़ी हो गई हैं। दानों को भारी नुकसान पहुंचा है, जिससे किसानों के चेहरे पर मायूसी छा गई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में नुकसान के आकलन के लिए सर्वे शुरू करा दिया है।
शुजालपुर में रातभर बारिश
शाजापुर जिले के शुजालपुर में गुरुवार रात से शुक्रवार सुबह तक तेज बारिश का दौर जारी है। फसलों को कोई विशेष नुकसान नहीं हुआ है। मौसम में ठंडक घुल गई है। वहीं रतलाम में आज सुबह से बारिश हो रही है। 2 दिन से मौसम बदला हुआ है। यहां बूंदाबांदी और तेज हवा के कारण खेतों में खड़ी गेहूं की फसल भी आड़ी हो गई है।
इंदौर में भी गिरा मावठा
इंदौर में 24 घंटे से मौसम काफी बदला हुआ है। गुरुवार को दिन के तापमान में 3 डिग्री की गिरावट आई और रात का तापमान एक डिग्री कम रहने के साथ बारिश भी हुई। शुक्रवार सुबह से मौसम काफी ठंडा है और मावठा गिरा है। इसका असर जनजीवन पर भी पड़ा है। पीथमपुर में भी रात को हल्की बारिश हुई। इससे ठंड बढ़ गई।
शाजापुर में गिरी गेहूं की फसल
शाजापुर जिले के अकोदिया में बेमौसम बारिश, तेज हवाओं ने गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचाया है। रात से शुरू हुई बारिश शुक्रवार को भी बूंदाबांदी के रूप में जारी रही। कई गांवों में पककर तैयार खड़ी फसल हवा के कारण जमीन पर गिर गई, जिससे दानों की गुणवत्ता प्रभावित होने का खतरा बढ़ गया है। किसानों का कहना है कि पहले धुंध, कोहरा और ओलावृष्टि से नुकसान हुआ।
धार में तेज बारिश, फसल चौपट
धार जिले के मनावर में तीन रातों से लगातार तेज बारिश हो रही है। असमय हुई इस बारिश से कई खेतों में पानी भर गया है, जिससे गेहूं, चना और सरसों जैसी फसलों को नुकसान पहुंचा है। किसानों का कहना है कि फसल पकने की स्थिति में थी, ऐसे में लगातार नमी और तेज बारिश से उत्पादन पर असर पड़ेगा। स्थानीय किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द राजस्व और कृषि विभाग की टीम भेजकर फसलों का सर्वे कराया जाए।