मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जयपुर में राजस्थान डिजीफेस्ट-टाई ग्लोबल समिट में मध्यप्रदेश को देश का सबसे बेहतर इन्वेस्टमेंट फ्रेंडली स्टेट बताया। जानें आईटी, एआई और सेमीकंडक्टर क्षेत्र में मिलने वाली सब्सिडी और निवेश के अवसर।
By: Ajay Tiwari
Jan 05, 20267:44 PM
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जयपुर समिट में निवेशकों को मध्यप्रदेश के लिए किया आमंत्रित
जयपुर। स्टार समाचार वेब
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जयपुर में आयोजित 'राजस्थान डिजीफेस्ट-टाई ग्लोबल समिट-2026' के दौरान मध्यप्रदेश को देश का सबसे 'इन्वेस्टमेंट फ्रेंडली' राज्य घोषित किया है। उन्होंने निवेशकों को संबोधित करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश न केवल देश का दिल है, बल्कि यह व्यापार और नवाचार के लिए अनंत संभावनाओं का केंद्र भी बन चुका है। वर्ष 2025 में देश में सबसे ज्यादा निवेश आकर्षित करने वाले राज्यों में मध्यप्रदेश तीसरे स्थान पर रहा है, जो इसकी मजबूत आर्थिक नीतियों और पारदर्शी प्रशासन का प्रमाण है।
संसाधन से समृद्ध है एमपी
मुख्यमंत्री ने राज्य की विशेषताओं को रेखांकित करते हुए बताया कि मध्यप्रदेश 'बिजली सरप्लस' होने के साथ-साथ प्रचुर प्राकृतिक संसाधनों, विशाल लैंड बैंक और कुशल मानव संसाधन से समृद्ध है। राज्य सरकार ने निवेशकों की सुविधा के लिए 18 नई उद्योग-अनुकूल नीतियां लागू की हैं। डॉ. यादव ने स्पष्ट किया कि मध्यप्रदेश की भौगोलिक स्थिति इसे निर्यात और लॉजिस्टिक्स के लिए एक अनुपम केंद्र बनाती है। उन्होंने राजस्थान और मध्यप्रदेश के ऐतिहासिक संबंधों का जिक्र करते हुए मारवाड़ी व्यापारियों को प्रदेश के विकास में साझा भागीदार बनने के लिए आमंत्रित किया।
उभरते क्षेत्रों में भारी सब्सिडी
औद्योगिक विकास के लिए दी जा रही रियायतों पर प्रकाश डालते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि आईटी, सेमीकंडक्टर और ड्रोन टेक्नोलॉजी जैसे उभरते क्षेत्रों में भारी सब्सिडी प्रदान की जा रही है। उदाहरण के तौर पर, आईटी और सेमीकंडक्टर क्षेत्र में 100 करोड़ रुपये के निवेश पर क्रमशः 30 करोड़ और 38 करोड़ रुपये तक की सब्सिडी का प्रावधान है। इसके अलावा, भोपाल में एयरपोर्ट के समीप 200 एकड़ भूमि पर 'एआई एवं नॉलेज सिटी' प्रस्तावित है। सरकार डेटा सेंटर स्थापित करने पर बिजली बिल में 2 रुपये प्रति यूनिट की विशेष छूट भी दे रही है।
समिट के दौरान मुख्यमंत्री ने कई वैश्विक कंपनियों के प्रतिनिधियों से 'वन-टू-वन' चर्चा की। दुबई के टीईकॉम (TECOM) ग्रुप के साथ भोपाल एआई सिटी के विकास पर संवाद हुआ, जबकि अन्य उद्योगपतियों के साथ सर्कुलर इकोनॉमी, रिन्यूएबल एनर्जी और फिनटेक जैसे विषयों पर विस्तार से बात की गई। राज्य में पहले से कार्यरत इम्पेटस टेक्नोलॉजीज, इंफोबीन्स और यश टेक्नोलॉजीज के प्रमुखों ने भी मध्यप्रदेश के सहयोगी वातावरण और 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' की सराहना करते हुए इसे निवेश के लिए सबसे सुरक्षित और प्रगतिशील राज्य बताया।
सरकार 'जियो और जीने दो' की भावना
मुख्यमंत्री ने अंत में निवेशकों को भरोसा दिलाया कि उनकी सरकार 'जियो और जीने दो' की भावना के साथ औद्योगिक प्रतिस्पर्धा में एक सहयोगी की भूमिका निभा रही है। उन्होंने कहा कि निवेशक अपने आइडिया लेकर आएं, सरकार उन्हें जमीन पर उतारने के लिए हर संभव सहयोग प्रदान करेगी। समिट में राजस्थान के उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने भी दोनों राज्यों के बढ़ते सहयोग की सराहना की, जिससे आने वाले समय में मध्य भारत एक बड़े आर्थिक पावरहाउस के रूप में उभरने की उम्मीद है।
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