अदालत की इस सुनवाई से यह स्पष्ट होने की संभावना है कि न्यायालय इस मामले में आगे क्या दिशा-निर्देश देता है और परीक्षा की शुचिता को लेकर क्या कदम उठाए जाते हैं।

नई दिल्ली। स्टार समाचार वेब
झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की परीक्षा से जुड़ी कथित गड़बड़ियों और धांधली का विवाद अब देश की सर्वोच्च अदालत यानी सुप्रीम कोर्ट तक पहुंच गया है। परीक्षा की पूरी प्रक्रिया की केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) यानी सीबीआई से जांच कराने की मांग को लेकर एक महत्वपूर्ण याचिका दायर की गई है, जिस पर सबकी निगाहें टिकी हुई हैं।
मिली आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इस हाई-प्रोफाइल मामले में मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ इस याचिका पर सुनवाई करेगी। यह याचिकाकर्ता हरीशरण देवगन की ओर से दायर की गई है, जिसमें परीक्षा की पारदर्शिता और निष्पक्षता पर गंभीर सवाल उठाए गए हैं और पूरी प्रक्रिया की उच्चस्तरीय केंद्रीय एजेंसी से जांच कराने का अनुरोध किया गया है।
इस याचिका के सुप्रीम कोर्ट में सूचीबद्ध (लिस्टेड) होने के बाद झारखंड के युवाओं और परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों की निगाहें एक बार फिर सर्वोच्च अदालत के रुख पर टिकी हुई हैं। अदालत की इस सुनवाई से यह स्पष्ट होने की संभावना है कि न्यायालय इस मामले में आगे क्या दिशा-निर्देश देता है और परीक्षा की शुचिता को लेकर क्या कदम उठाए जाते हैं।
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