मध्य प्रदेश के जबलपुर में यूथ कांग्रेस के खिलाफ पहली FIR दर्ज। जानें क्या है 'एपस्टीन फाइल' विवाद और क्यों AI जनरेटेड तस्वीरों पर मचा है बवाल
By: Ajay Tiwari
Feb 12, 20265:47 PM
जबलपुर। स्टार समाचार वेब
अमेरिका के बहुचर्चित 'जेफ्री एपस्टीन केस' की आंच अब मध्य प्रदेश की राजनीति तक पहुँच गई है। जबलपुर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक और भ्रामक सामग्री पोस्ट करने के मामले में पहली एफआईआर (FIR) दर्ज की गई है। यह मामला इंडियन यूथ कांग्रेस के सोशल मीडिया हैंडल से साझा की गई 'AI जनरेटेड' तस्वीरों से जुड़ा है।
नगर निगम इंजीनियर की शिकायत पर मामला दर्ज
जबलपुर नगर निगम के एक्जीक्यूटिव इंजीनियर शैलेंद्र सिंह कौरव ने 9 फरवरी को ओमती थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। उनकी शिकायत पर पुलिस ने 12 फरवरी को अज्ञात व्यक्ति (जो यूथ कांग्रेस का एक्स हैंडल चला रहा है) के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 197-ए के तहत मामला दर्ज किया है।
एआई से बनी थी तस्वीर
शिकायत में कहा गया है कि यूथ कांग्रेस ने 'X' (पूर्व में ट्विटर) पर ऐसी तस्वीरें पोस्ट कीं, जिनमें जबलपुर शहर के विभिन्न यूनिपोल (विज्ञापनों के खंभे) पर प्रधानमंत्री मोदी को लेकर आपत्तिजनक पोस्टर लगे हुए दिखाए गए हैं। जांच में पता चला कि वास्तविकता में शहर में ऐसे कोई पोस्टर नहीं लगाए गए थे; ये तस्वीरें पूरी तरह AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) द्वारा निर्मित थीं।
भ्रामक कंटेंट का इस्तेमाल
सीएसपी रितेश कुमार शिव के अनुसार, जांच में दो प्रमुख पोस्ट सामने आई हैं। एक पोस्ट में विवादास्पद कार्टून चित्र है। दूसरी पोस्ट में भारत और अमेरिका के प्रधानमंत्रियों की तस्वीरों को भ्रामक तरीके से दिखाया गया है। पुलिस ने जब उन स्थानों की भौतिक जांच की जहाँ ये पोस्टर होने का दावा किया गया था, तो वहां अन्य वैध विज्ञापन पाए गए। पुलिस का मानना है कि इस प्रकार के कंटेंट से जनता के बीच भ्रामक जानकारी फैलाने और शांति भंग करने की कोशिश की गई है।