रीवा के जिला एवं सत्र न्यायालय और हनुमना व्यवहार न्यायालय को आरडीएक्स से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से हड़कंप मच गया। सुरक्षा एजेंसियों ने कोर्ट परिसर खाली कराकर घंटों सर्चिंग की। बम स्क्वॉड को कोई विस्फोटक नहीं मिला, वहीं साइबर सेल धमकी भरे मेल की जांच में जुटी है।

हाइलाइट्स:
रीवा, स्टार समाचार वेब
रीवा के नए जिला एवं सत्र न्यायालय भवन व हनुमना के व्यवहार न्यायालय को आरडीएक्स से उड़ाने की धमकी के बाद सनसनी फैल गई। धमकी ई-मेल के माध्यम से दी गई। यह मेल न्यायालय के आधिकारिक ईमेल पर आया। जानकारी होते ही पुलिस व सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर आ गई। एहतियात के तौर पर कोर्ट परिसर को खाली कराया गया। न्यायाधीश, अधिवक्ता व न्यायालय के कर्मचारियों समेत पक्षकारों को बाहर निकाला गया। अचानक हुई इस कार्रवाई से अफरा-तफरी का माहौल निर्मित रहा। बम स्क्वॉड ने पूरे परिसर में करीब तीन घंटे तक सर्चिंग किया, लेकिन कोई भी विस्फोटक अथवा संदिग्ध वस्तु नहीं मिली।
गुरुवार सुबह करीब 11 बजे कोर्ट प्रशासन को एक धमकी भरा ई-मेल प्राप्त हुआ। इस मेल में स्पष्ट रूप से चेतावनी दी गई थी कि दोपहर 2:30 बजे तक कोर्ट परिसर में बड़ा विस्फोट किया जाएगा। जैसे ही यह जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंची, तत्काल सुरक्षा एजेंसियों को 'हाई अलर्ट' पर डाल दिया गया। पुलिस व प्रशासन के अधिकारी कुछ ही क्षण में कोर्ट परिसर पहुंच गये। जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अनुमति के बाद, बिना किसी देरी के पूरे नवीन कोर्ट परिसर को सुरक्षा कारणों से खाली करा लिया गया। वकीलों, कर्मचारियों व पक्षकारों को परिसर से बाहर निकाला गया। क्षेत्र की घेराबंदी कर दी गई और किसी भी बाहरी व्यक्ति के प्रवेश पर रोक लगा दी गई। बम स्क्वॉड ने कोर्ट की हर एक मंजिल, चैम्बर और पार्किंग एरिया की बारीकी से जांच की। करीब तीन घंटे तक सर्चिंग चली, लेकिन किसी तरह का विस्फोटक अथवा संदिग्ध वस्तु नहीं मिली, जिसके बाद पुलिस व न्यायालय प्रशासन ने राहत की सांस ली।
यह भी पढ़ें: साढ़े 6 करोड़ की लागत से अजयपाल किले तक बनेगी नई सीसी सड़क
ईमेल में यह लिखा
न्यायालय परिसर को आरडीएक्स आईईडी से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल किसी अरुण डाले कुमार हॉट मेल से पौने 11 बजे करीब आधिकारिक ईमेल आईडी पर पहुंचा। जिसमें लिखा था कि तमिलनाडु में कांस्टेबलों के लिए 1979 के नैनार दास पुलिस यूनियन की सिफारिशों को लागू करवाने के लिए आज आपकी कोर्ट को निशाना बनाया है। सी-4 आरडीएक्स का इस्तेमाल करके बनाए गए 3 आरडीएक्स आईईडी पहले ही कोर्ट बिल्डिंग में अहम जगहों पर रख दिए गए हैं। 1 या 2 सदस्य लंच के समय कोर्ट ब्रांच के करीब आएंगे और जब रिमोट कंट्रोल ट्रिगर ले जा रहे एलटीटीई सदस्य परिसर के 100 फीट के दायरे में आएंगे तो आईईडी अपने आप फट जाएंगे। अगर किसी वजह से वे एक्टिवेट नहीं होते हैं, तो सदस्य खुद बिल्डिंग के अंदर आएंगे और श्रीलंका के ईस्टर आॅपरेशन की तरह सभी स्टाफ और ग्राहकों के साथ खुद को उड़ा लेंगे।
रोकनी पड़ी सुनवाई
धमकी भरा ई-मेल आने के बाद कोर्ट परिसर में हड़कंप मच गया। तत्काल ही जिला एवं प्रधान न्यायाधीश ने मेल की जानकारी पुलिस अधीक्षक शैलेन्द्र सिंह चौहान को दी। इसके साथ ही न्यायालय में मौजूद न्यायाधीशों को अवगत कराते हुये कोर्ट परिसर को तत्काल खाली कराने को कहा। इस दौरान सभी सुनवाई रोकनी पड़ी। कुछ ही देर में कोर्ट भवन खाली कर दिया गया।
यह भी पढ़ें: रीवा: प्रॉपर्टी डीलर ने खुद को मारी गोली, पोखरी टोला में मची सनसनी, हालत गंभीर
छावनी में तब्दील रहा परिसर
जानकारी होते ही एसपी शैलेन्द्र सिंह चौहान, प्रभारी एडीएम मेहताब सिंह गुर्जर, सीएसपी कोतवाली राजीव पाठक समेत भारी संख्या में पुलिस बल कोर्ट पहुंच गया। पूरे परिसर को पुलिस ने सुरक्षा घेरे में ले लिया। न्यायालय भवन के समीप बैरीकेट्स लगाकर प्रवेश बंद कर दिया गया। इसके बाद बम स्क्वॉड और पुलिस अधिकारियों ने न्यायालय के चप्पे-चप्पे की तलाशी ली।
सायबर सेल कर रहा मेल की जांच
पुलिस और साइबर सेल अब उस ई-मेल के आईपी एड्रेस को ट्रैक करने में जुटी है, जिसके जरिए यह धमकी दी गई थी। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या यह किसी की शरारत है या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश छिपी है। स्थानीय प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें।
हनुमना न्यायालय में दोपहर पहुंचा ई-मेल
इधर मऊग्ांज जिले के हनुमना व्यवहार न्यायालय के आधिकारिक ई मेल पर भी धमकी भरा मेल पहुंचा है। लेकिन यह मेल दोपहर में मिला। इसके बाद परिसर को खाली कराते हुये पुलिस ने सुरक्षा घेरे में ले लिया। एसपी दिलीप सोनी, कलेक्टर समेत भारी पुलिस बल पहुंच गया। पुलिस ने न्यायालय परिसर में सर्चिंग किया। चप्पे-चप्पे को देखा गया। यहां भी घंटों सर्चिंग चली, लेकिन विस्फोटक कहीं नहीं मिला। इस दौरान पुलिस सकते में रही। न्यायालय के बाहर अधिवक्ताओं, कर्मचारियों और आम लोगों की भीड़ लगी रही। देर शाम तक यहां पर तलाशी अभियान चलाया गया।
न्यायालय में बढ़ाई गई सुरक्षा
इधर न्यायालय भवन को विस्फोटक से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद पुलिस हाई अलर्ट पर है। न्यायालय की सुरक्षा व्यवस्था को बढ़ा दिया गया है। यहां पर अतिरिक्त पुलिस बल व बम स्क्वॉड दस्ते को उपकरणों के साथ तैनात किया गया। अब न्यायालय में आने-जाने वाले लोगों की मेटल डिटेक्टर से जांच की जायेगी। इसके बाद ही उन्हें प्रवेश दिया जायेगा।
जिला सत्र एवं प्रधान न्यायाधीश को न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा मेल भेजा गया है। जिसके बाद कोर्ट परिसर में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। बम स्क्वॉड व पुलिस टीम ने पूरे न्यायालय परिसर में सर्चिंग किया है। फिलहाल इस तरह की कोई भी संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक नहीं मिला है। सायबर सेल मेल की जांच कर रहा है।
शैलेन्द्र सिंह चौहान, एसपी रीवा


जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
मध्य प्रदेश में संभावित अल्प वर्षा की स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जारी की विस्तृत कार्ययोजना। जानें फसल चयन, जल संरक्षण और किसानों के लिए सरकार की नई तैयारियों के बारे में।
मध्य प्रदेश में मानसून ने दी दस्तक, पूरे राज्य में तेज बारिश का दौर जारी। मौसम विभाग ने कई जिलों में ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किया। जानें बारिश से जुड़ी ताजा अपडेट और सुरक्षा निर्देश।
दतिया विधानसभा उपचुनाव 2026 का कार्यक्रम घोषित! जानें कब होगा मतदान, क्या है राजेंद्र भारती की सदस्यता रद्द होने का कारण और कैसे लागू हुई आचार संहिता।
मध्य प्रदेश सरकार ने BLO और बीएलओ सुपरवाइजरों का मानदेय दोगुना किया। जानें नई मानदेय राशि, प्रभावी तिथि और त्रैमासिक भुगतान की पूरी जानकारी।
राजा रघुवंशी मर्डर केस में नया मोड़। मेघालय सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर आरोपी पत्नी सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द करने की मांग की। जानिए क्या है पूरा मामला।
केंद्रीय मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलों के बीच विंध्य क्षेत्र को प्रतिनिधित्व मिलने की चर्चाएं तेज हैं। सतना सांसद गणेश सिंह और शहडोल सांसद हिमांद्री सिंह के नाम संभावित दावेदारों में प्रमुख बताए जा रहे हैं।
सतना जिले में हल्की बारिश के बाद भी घंटों बिजली गुल रहने से उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल, पढ़ाई और कारोबार प्रभावित हैं, जबकि लोगों ने स्थायी समाधान की मांग उठाई है।
सतना में मानसून की पहली तेज बारिश ने स्मार्ट सिटी की तैयारियों की पोल खोल दी। कई कॉलोनियों, सड़कों और अंडरब्रिज में जलभराव हुआ, जबकि जिला अस्पताल और बस स्टैंड भी पानी से प्रभावित रहे।
सतना जिला अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों के कई पद रिक्त हैं, जिससे 1500 दैनिक मरीजों की चिकित्सा सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। दूसरी ओर संत मोतीराम स्वास्थ्य केंद्र नि:शुल्क उपचार देकर राहत पहुंचा रहा है।
मध्य प्रदेश में कैलाश विजयवर्गीय की कथित चिट्ठी ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है। जानिए क्या है मामला, मुख्यमंत्री के खिलाफ नाराजगी की सच्चाई और इसके पीछे के राजनीतिक मायने।