सतना जिले में नरवाई जलाने के मामलों पर सैटेलाइट मॉनिटरिंग से कार्रवाई हुई। आठ किसानों को नोटिस और छह को कोर्ट में पेशी के निर्देश दिए गए, फिर भी प्रशासनिक सख्ती पर सवाल उठ रहे हैं।
छिंदवाड़ा की घटना के बाद डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने दवा सुरक्षा पर जीरो टॉलरेंस नीति अपनाने की घोषणा की। कफ सिरप जांच अनिवार्य, कोडीन नियंत्रण और लैब आधुनिकीकरण के निर्देश जारी।
मध्य प्रदेश सरकार की ओर से आईएएस अफसरों को अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। ये सभी अफसर संभागीय स्तर पर विकास कार्यों और योजनाओं की मॉनिटरिंग करेंगे। हालांकि, पहले भी संभागीय स्तर पर अफसरों को तैनात किया गया था। मगर, कई अफसर रिटायर हो गए।
सतना जिला अस्पताल परिसर में खड़ी 108 एम्बुलेंस मरीज को ले जाने से पहले ही बंद हो गई। ड्राइवर ने कई कोशिशों के बाद जब वाहन स्टार्ट नहीं किया तो धक्का लगाकर किनारे किया गया। कई घंटे बाद दूसरी एम्बुलेंस का इंतजाम हो पाया। जिले में 60 से अधिक 108 एम्बुलेंस होने के बावजूद मॉनिटरिंग के अभाव में मरीजों को समय पर सुविधा नहीं मिल पा रही।

















