जबलपुर हाई कोर्ट में दिग्विजय सिंह और उमा भारती के बीच वर्षों पुराने मानहानि मामले की सुनवाई हुई। कोर्ट ने अगली सुनवाई 1 जुलाई तक स्थगित की। जानें क्या है पूरा मामला।
विधानसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी को एक के बाद एक सियासी झटके लग रहे हैं। दरअसल, आज एक बार कलकत्ता हाईकोर्ट से भी बड़ा झटका लगा है।
भारत ने शिक्षा के क्षेत्र में एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। दुनियाभर के विवि को पछाड़ते हुए देश की 52 यूनिवर्सिटीज ने वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग में जगह बनाई है। रैंकिंग गुरुवार को जारी की गई। इसके साथ ही भारत विश्व का पांचवा सबसे अधिक प्रतिनिधित्व वाला हायर एजुकेशन सिस्टम बन गया है।
मध्यप्रदेश के ग्वालियर हाईवे पर एक कार टायर फट जाने से अनियंत्रित होकर डिवाइडर पार कर सामने से आ रही कार से टकरा गई। इस हादसे में सामने से आ रही कार पलट गई। हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई और 12 लोग घायल हो गए।
भारतीय टीम पाकिस्तान के खिलाफ आज बर्मिंघम में आईसीसी महिला टी-20 वर्ल्ड कप 2026 का मुकाबला खेलेगी। यह मुकाबला भारतीय समयानुसार शाम 7 बजे शुरू होगा। हरमनप्रीत कौर की कप्तानी में भारतीय टीम इस मुकाबले को जीतकर टूर्नामेंट में शानदार शुरुआत करना चाहेगी।
मध्य प्रदेश उच्च शिक्षा विभाग ने सत्र 2026-27 के लिए ई-प्रवेश के दूसरे चरण की आवंटन सूची जारी कर दी है। कुल 1.25 लाख छात्रों को कॉलेज अलॉट हुए हैं, जिन्हें 13 जून तक फीस जमा करनी होगी।
गुजरात के मोरबी-हलवद हाईवे पर चरड़वा गांव के बाहरी इलाके में बीती देर रात एक भयानक सड़क हादसा हुआ, जिसमें रणछोड़गढ़ गांव के 5 युवकों की जान चली गई। एक तेज रफ्तार कार फैक्ट्री से निकल रहे डंपर से टकरा गई, जिससे कार के टुकड़े-टुकड़े हो गए।
पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के खिलाफ अब देशद्रोह की शिकायत सिलीगुड़ी साइबर क्राइम थाना में दर्ज कराई गई है। ममता की अविलंब गिरफ्तारी के लिए शिकायतकर्ता वकील रिंकी सिंह चटर्जी आठ जून को कोलकाता हाई कोर्ट में याचिका दायर करने का दावा किया है।
पहला विवाह छुपाकर दूसरी शादी करने के केस में मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। न्यायमूर्ति गजेंद्रसिंह ने दूसरी शादी और भरण-पोषण से संबंधित एक केस में फैसला सुनाते हुए टिप्पणी की कि अंतरिम भरण-पोषण तय करते समय कोर्ट पक्षकारों के आचरण और संबंधों की वास्तविकता को ध्यान में रखती है।
देशभर की अदालतों में बढ़ते बोझ को कम करने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने महत्वपूर्ण आदेश जारी किया है। अब पीड़ितों को कोर्ट-कचेहरी के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। इसके साथ ही उन्हें तारीख पर तारीख से भी छुटकारा मिलेगा। वहीं जमानत से जुड़े केसों में आदेश आदर्श रूप से अगले दिन जारी किया जाए और उसी दिन जेल प्रशासन तक पहुंचाया जाए।






















