मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल के बहुचर्चित ट्विशा शर्मा मौत केस में भोपाल की न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी शोभना भलावे की अदालत में सीबीआई ने चालान पेश कर दिया है। केस में पूर्व जज गिरीबाला सिंह और उनके पुत्र समर्थ सिंह आरोपी हैं। चालान पेश होने के बाद दोनों पक्षों के वकीलो ने सीबीआई द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों और साक्ष्यों का अध्ययन शुरू कर दिया है।
नीट-यूजी पेपर लीक केस में सीबीआई की चार्जशीट ने देश की परीक्षा प्रणाली की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सीबीआई के मुताबिक, पेपर किसी प्रिंटिंग प्रेस से लीक नहीं हुआ था, बल्कि नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) के अधिकृत विषय विशेषज्ञों ने अपने अधिकारों का गलत इस्तेमाल कर इसे बाहर पहुंचाया था।
मध्यप्रदेश में भले ही सरकार भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस की नीति का दावा करती हो, लेकिन जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल उलट नजर आ रही है। प्रदेश में भ्रष्टाचार के आरोपियों पर केस चलाने के लिए विभिन्न विभाग अभियोजन की अनुमति देने में आनाकानी कर रहे हैं।















