मध्यप्रदेश हाई कोर्ट ने डीएनए रिपोर्ट में कट पेस्ट के जरिए गलत नाम दर्ज होने के केस को गंभीरता से लिया है। न्यायमूर्ति विवेक अग्रवाल और न्यायमूर्ति विवेक जैन की युगलपीठ ने भोपाल स्थित राज्य फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी की पिछले पांच वर्षों में तैयार डीएनए और अन्य वैज्ञानिक रिपोर्टों में से 20 प्रतिशत रिपोर्टों की रैंडम जांच कराने के आदेश दिए हैं।
दिल्ली हाई कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में कहा है कि किसी आपराधिक केस में सह-आरोपी को दूसरे आरोपी की माफी याचिका का विरोध करने का कोई कानूनी अधिकार नहीं है। अगर कोई आरोपी सरकारी गवाह बनता है, तो अन्य सह-आरोपियों के पास मुकदमे के दौरान जिरह के जरिए उसकी विश्वसनीयता को चुनौती देने का पूरा मौका होता है।
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल की पुलिसिंग को नई दिशा देने 2004 बैच के आईपीएस संजय कुमार ने पुलिस कमिश्नर ने पदभार संभाल लिया है। आज यानी सोमवार को पुलिस आयुक्त कार्यालय में निवर्तमान पुलिस आयुक्त हरिनारायणचारी मिश्रा ने उन्होंने पदभार सौंपा। संजय कुमार भोपाल के तीसरे पुलिस कमिश्नर हैं। संजय कुमार इससे पहले बालाघाट आईजी थे।
मध्यप्रदेश शिक्षा मंडल परीक्षाओं की पारदर्शिता और विश्वसनीयता बढ़ाने के लिए इस बार निगरानी व्यवस्था को और पुख्ता किया जा रहा है। प्रदेश में सीसीटीवी कैमरों की तीसरी आंख के जरिए परीक्षा केंद्रों पर हर गतिविधि पर नजर रखी जाएगी। पायलट प्रोजेक्ट के तहत पहले चरण में 200 परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे।
















