मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने उज्जैन में 'महाकाल: द मास्टर ऑफ टाइम' सम्मेलन का उद्घाटन किया। जानें उज्जैन साइंस सेंटर, सिंहस्थ 2028 बायपास और महाकाल स्टैंडर्ड टाइम (MST) के बारे में पूरी जानकारी।

उज्जैन | स्टार समाचार वेब
शुक्रवार, 3 अप्रैल 2026: मध्यप्रदेश की धार्मिक राजधानी उज्जैन अब अपनी प्राचीन वैज्ञानिक पहचान को पुनर्जीवित करने की ओर अग्रसर है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय शिक्षा मंत्री श्री धर्मेंद्र प्रधान ने शुक्रवार को ‘महाकाल: द मास्टर ऑफ टाइम’ अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का शुभारंभ किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि उज्जैन केवल आस्था का केंद्र नहीं, बल्कि सदियों से काल गणना और खगोल विज्ञान (Astronomy) का वैश्विक मानक रहा है।

मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री ने क्षेत्र के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं की सौगात दी:
उज्जैन साइंस सेंटर: 15 करोड़ रुपये की लागत से बने अत्याधुनिक विज्ञान केंद्र का लोकार्पण किया गया। इसमें 'गैलरी ऑन साइंस', 'आउटडोर साइंस पार्क' और 'हेरिटेज थीम गैलरी' जैसी सुविधाएं हैं।
725 करोड़ के विकास कार्य: सिंहस्थ-2028 को ध्यान में रखते हुए कुल 725 करोड़ रुपये के कार्यों का भूमि-पूजन किया गया।
सिंहस्थ बायपास: 701.86 करोड़ रुपये की लागत से 19.80 किमी लंबे 4-लेन बायपास रोड का शिलान्यास हुआ, जो श्रद्धालुओं के आवागमन को सुगम बनाएगा।
सम्राट विक्रमादित्य हेरिटेज विस्तार: 22.52 करोड़ रुपये की लागत से पर्यटन इकाई के विस्तार कार्य का भूमि-पूजन किया गया।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने विमर्श के दौरान एक क्रांतिकारी विचार साझा किया। उन्होंने कहा कि समय आ गया है जब दुनिया को 'ग्रीनविच मीन टाइम' (GMT) के स्थान पर 'महाकाल स्टैंडर्ड टाइम' (MST) को मान्यता देनी चाहिए। उन्होंने तर्क दिया कि प्राचीन काल में शून्य देशांतर रेखा (Zero Meridian) उज्जैन से होकर गुजरती थी और आधुनिक AI उपकरण भी इसकी वैज्ञानिक सटीकता को स्वीकार करते हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि कर्क रेखा और भूमध्य रेखा का कटाव बिंदु अब उज्जैन से 32 किमी दूर डोंगला में शिफ्ट हो गया है। डोंगला को अब एक प्रमुख एस्ट्रोनोमिकल स्टडी सेंटर के रूप में विकसित किया जा रहा है। यहाँ 21 जून को सूर्य की छाया शून्य हो जाती है, जो इसकी भौगोलिक महत्ता को सिद्ध करता है।
सम्मेलन के दौरान तकनीक और शिक्षा के समन्वय पर भी जोर दिया गया:
सैटेलाइट मेकिंग वर्कशॉप: 10 इंजीनियरिंग कॉलेजों के 120 छात्रों ने नैनो सैटेलाइट बनाने का प्रशिक्षण लिया।
विद्यार्थी विज्ञान मंथन: नई वेबसाइट और ब्रोशर का विमोचन किया गया, जिसका उद्देश्य छात्रों को भारतीय ज्ञान परंपरा से जोड़ना है।
रोबोटिक तकनीक: प्रदर्शनी में आरती के लिए विशेष रूप से डिजाइन की गई 'रोबोटिक आर्म' आकर्षण का केंद्र रही।
यह आयोजन उज्जैन को केवल एक तीर्थ स्थल के रूप में ही नहीं, बल्कि 'स्पेस इकोनॉमी' और आधुनिक अनुसंधान के केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। सिंहस्थ 2028 तक उज्जैन अपनी वैज्ञानिक विरासत के साथ विश्व पटल पर 'विज्ञान नगरी' के रूप में नई पहचान स्थापित करेगा।

जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
रक्षाबंधन पर भोपाल और रीवा के बीच सफर करने वाले यात्रियों के लिए बड़ी खुशखबरी। पश्चिम मध्य रेलवे ने 25 से 31 अगस्त तक विशेष ट्रेनें चलाने का ऐलान किया है। साथ ही, रीवा-रानी कमलापति वंदे भारत एक्सप्रेस में 16 कोच लगाए गए हैं। जानिए ट्रेनों का पूरा शेड्यूल, रूट और समय।
भोपाल के बोट क्लब पर राजा भोज मल्टी क्लास नेशनल सेलिंग चैंपियनशिप का समापन हुआ। सीएम डॉ. मोहन यादव ने सभी 230 विधानसभाओं में स्टेडियम बनाने और खेल बजट बढ़ाने की बात कही।
स्वतंत्रता दिवस-2026 के अवसर पर मुख्यमंत्री निवास में आयोजित एक गरिमामय समारोह में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्य प्रदेश पुलिस और होमगार्ड्स के 47 अधिकारियों-कर्मचारियों को राष्ट्रपति के विशिष्ट सेवा पदक, सराहनीय सेवा पदक तथा सर्वोत्तम जीवन रक्षा पदक से अलंकृत कर सम्मानित किया।
मध्यप्रदेश के मुरैना जिले की पोरसा तहसील के नगरा घाट पर आज यानी रविवार की सुबह चीख-पुकार और दहशत के माहौल के साथ शुरू हुई। चंबल नदी के उफान और तेज बहाव के बीच 150 से अधिक यात्रियों और 50 मोटरसाइकिलों को ले जा रहा एक स्टीमर अचानक बीच नदी में बंद हो गया।
मध्यप्रदेश में खाद की बिक्री पर लगाई गई अस्थायी रोक के बाद सरकार ने वितरण शुरू करने की समय-सीमा तय कर दी है। किसान कल्याण एवं कृषि विकास विभाग के अनुसार भारत सरकार के आईएफएमएस पोर्टल पर दर्ज उर्वरक स्टॉक और प्रदेश के खाद विक्रेताओं के वास्तविक भौतिक स्टॉक का मिलान आज रविवार को शाम तक पूरा कर लिया जाएगा।
माधव नेशनल पार्क में स्वतंत्रता दिवस के दिन एक और खुशखबरी आई है। पन्ना से लाई गई मादा बाघिन एमटी-4 ने शावकों को जन्म दिया है, जिसकी एक शावक के साथ पहली तस्वीर सामने आई है। इस नए मेहमान के आगमन के साथ ही रिजर्व में बाघों का कुनबा बढ़कर अब 9 हो गया है।
मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय ने 34 करोड़ के धान परिवहन घोटाले पर कड़ा रुख अपनाते हुए पूरे राज्य में व्यापक जांच के निर्देश दिए हैं। फर्जी वाहनों से धान ढुलाई के मामले में सभी जिलों के कलेक्टरों और EOW से रिपोर्ट तलब की गई है।
भोपाल के कोलार रोड पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में 'कर्मश्री' संस्था द्वारा भव्य तिरंगा यात्रा निकाली गई। प्रधानमंत्री मोदी के विजन और वर्ष 2027 को 'युवा वर्ष' के रूप में मनाने की घोषणा से जुड़ी पूरी विस्तृत रिपोर्ट यहाँ पढ़ें।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल के शौर्य स्मारक में 'हर घर तिरंगा' और 'विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस' पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित किया।
स्वतंत्रता दिवस की 80वीं वर्षगांठ के ऐतिहासिक अवसर पर राजधानी दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में आयोजित होने वाला पारंपरिक एट होम समारोह इस बार मध्यप्रदेश की समृद्ध और विविधतापूर्ण जनजातीय संस्कृति के रंगों से सराबोर रहेगा।