जिला अस्पताल परिसर में एम्बुलेंस पार्किंग संबंधी प्रशासनिक निर्देशों का पालन नहीं हो रहा। खोवा मंडी पार्किंग खाली रहने के बावजूद अस्पताल परिसर में कई एम्बुलेंस खड़ी मिलीं, जिससे व्यवस्था पर सवाल उठे।

हाइलाइट्स:
सतना, स्टार समाचार वेब
शहर को अतिक्रमणमुक्त बनाने एवं जाम की जहां से निजात दिलाने जिला प्रशासन द्वारा कई अहम निर्णय लिए गए लेकिन इन आदेशों को रद्दी की टोकरी में फेक दिया गया है। जिले की सबसे संवेदनशील जगह जिला अस्पताल परिसर को अतिक्रमण और अव्यवस्था से मुक्त रखने के लिए बनाई गई पार्किंग व्यवस्था पर अमल होता नजर नहीं आ रहा है। सोमवार को अस्पताल परिसर के भीतर आधा दर्जन से अधिक 108 एम्बुलेंस खड़ी दिखाई दीं, जबकि प्रशासन ने इन्हें खाली समय में खोवा मंडी स्थित अस्थायी पार्किंग स्थल पर खड़ा करने के निर्देश दिए थे। वहीं खोवा मंडी पार्किंग क्षेत्र में अन्य लोगों के चार पहिया वाहन खड़े नजर आए। उल्लेखनीय है कि अस्पताल क्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए हाल ही में एसडीएम सिटी, आरटीओ, नगर निगम और ट्रैफिक पुलिस की संयुक्त टीम ने अभियान चलाकर सड़क किनारे लगे ठेले, गुमटियां और अन्य अस्थायी अतिक्रमण हटाए थे। इसके बावजूद अस्पताल परिसर में वाहनों की अव्यवस्थित पार्किंग व्यवस्था सुधारने की चुनौती अब भी बनी हुई है।
एम्बुलेंस पार्किंग क्षेत्र में चार पहिया वाहन खड़े दिखे
सोमवार को अस्पताल रोड के बाहर से हटाए गए अतिक्रमण की जगह पर फिर दुकाने सजी मिलीं वहीं सड़क के दोनों छोर पर अवैध रूप से दो पहिया वाहन भी खड़े दिखे जिसके चलते जाम की समस्या भी निर्मित हुई। अस्पताल परिसर के अंदर आधा दर्जन से ज्यादा 108 एम्बुलेंस खड़ी नजर आईं। कुछ एम्बुलेंस अस्पताल के गेट के सामने, कुछ डायलिसिस यूनिट, नैदानिक केंद्र एवं ट्रामा यूनिट के सामने खड़ी थी। बताया जाता है कि ये अस्पताल को एलॉट की गई एम्बुलेंस हैं जिन्हें खोवा मंडी पार्किंग में खड़े रहने के निर्देश दिए गए हैं। इस संबंध में कुछ वाहन चालकों का कहना है कि उन्हें जिला समन्वयक की ओर से कोई औपचारिक निर्देश प्राप्त नहीं हुए हैं। खोवा मंडी स्थित एम्बुलेंस पार्किंग क्षेत्र में एक एम्बुलेंस खड़ीथी जबकि उस जगह पर अन्य चार पहिया वाहन खड़े दिखे। इस प्रकार अस्पताल परिसर में एम्बुलेंसों की मौजूदगी से यह सवाल उठने लगा है कि प्रशासनिक आदेशों का पालन सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी किसकी है।
8 एम्बुलेंसों को पार्किंग में खड़ा करने के थे निर्देश
जिला प्रशासन ने हाल ही में अस्पताल परिसर और अस्पताल रोड पर यातायात व्यवस्था सुधारने के उद्देश्य से कई निर्णय लिए थे। इसके तहत एम्बुलेंसों को केवल मरीजों के पिक-अप और ड्रॉप के लिए अस्पताल परिसर में आने तथा शेष समय निर्धारित पार्किंग स्थल पर खड़ा करने के निर्देश दिए गए थे। हालांकि यह व्यवस्था कुछ ही दिनों में पटरी से उतरती दिख रही है। जानकारी के मुताबिक, सतना और मैहर जिले में 60 से अधिक एम्बुलेंस एवं जननी एक्सप्रेस वाहन संचालित हैं, जिनका संचालन आउटसोर्स एजेंसी जय अम्बे इमरजेंसी सर्विसेज द्वारा किया जा रहा है। जिला अस्पताल से संबद्ध 8 एम्बुलेंसों को भी खोवा मंडी पार्किंग में खड़ा करने के निर्देश दिए गए थे।


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