Gold-Silver Price Today Live Updates: 16 फरवरी 2026 को सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी हलचल। जानें दिल्ली-मुंबई समेत बड़े शहरों के ताजा रेट और एक्सपर्ट्स की निवेश सलाह

बिजनेस डेस्क। स्टार समाचार वेब
भारतीय सर्राफा बाजार और मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर आज सोने और चांदी की कीमतों में हाई-वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। हफ्ते के पहले कारोबारी दिन सुबह के सत्र में जहां कीमती धातुओं में 'क्रैश' जैसी स्थिति थी, वहीं दोपहर होते-होते बाजार ने जोरदार वापसी की है।
आज सुबह एमसीएक्स पर सोना लुढ़ककर ₹1,54,248 के निचले स्तर तक चला गया था। हालांकि, निचले स्तरों पर खरीदारों की दिलचस्पी बढ़ने से इसमें करीब ₹1,212 की तेजी आई और यह ₹1,55,460 प्रति 10 ग्राम के स्तर पर कारोबार करने लगा।
चांदी में उतार-चढ़ाव और भी अधिक तीव्र रहा। सुबह चांदी ₹2,35,624 प्रति किलो तक गिर गई थी, लेकिन दोपहर 1:33 बजे तक इसमें करीब ₹5,526 की रिकवरी देखी गई और यह ₹2,41,150 के स्तर पर पहुंच गई।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, कीमतों में इस अस्थिरता के पीछे तीन बड़े वैश्विक कारण हैं। पहला कारण ग्लोबल अनिश्चितता है। रूस-यूक्रेन युद्ध और अमेरिका-ईरान के बीच शांति वार्ता की खबरों ने निवेशकों को सतर्क कर दिया है।दूसरी वजह अमेरिकी फेडरल रिजर्व है। निवेशकों की नजर आगामी अमेरिकी GDP और PCE महंगाई दर के आंकड़ों पर है। अगर महंगाई कम होती है, तो ब्याज दरों में कटौती की संभावना बढ़ेगी, जिससे सोना फिर महंगा हो सकता है। तीसरा कारण प्रॉफिट बुकिंग है। पिछले दिनों की बढ़त के बाद निवेशक मुनाफावसूली कर रहे हैं, जिससे कीमतों पर दबाव दिख रहा है।
यदि आप आज निवेश की योजना बना रहे हैं, तो इन दो विकल्पों को समझना जरूरी है। पहला विकल्प है गोल्ड ईटीएफ (Gold ETF) इसमें आज 4% की गिरावट देखी गई है। यह डिजिटल निवेश का सस्ता जरिया है क्योंकि इसमें मेकिंग चार्जेस नहीं लगते। दूसरा विकल्प फिजिकल गोल्ड है, गहने या सिक्के खरीदने पर आपको GST और मेकिंग चार्जेस देने होंगे, लेकिन यह तत्काल लिक्विडिटी (नकद) के लिए सबसे अच्छा है।
एक्सपर्ट व्यू: लंबी अवधि के निवेशकों के लिए बाजार में आने वाली ऐसी गिरावट खरीदारी का बेहतरीन मौका हो सकती है।

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भारतीय शेयर बाजार के लिए विदेशों से रेड सिग्नल मिल रहे थे और जिसका डर था वही हुआ। आज खुलते के साथ ही शेयर मार्केट औंधे मुंह गिर गया। इस बड़ी गिरावट के बीच पावर ग्रिड, टाटा स्टील, मारुति, एचडीएफसी बैंक, अडानी पोर्ट्स और टाइटन जैसी दिग्गज कंपनियों के शेयर बिखरे हुए दिखाई दिए।
अदाणी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अदाणी ने बिहार में 50,000 से 60,000 करोड़ रुपये के बड़े निवेश का एलान किया है। भागलपुर के पीरपैंती में पावर प्रोजेक्ट और सारण में आई हॉस्पिटल का उद्घाटन। पढ़ें पूरी खबर।
दिल्ली-एनसीआर में सीएनजी के दाम आज एक बार फिर एक रुपए प्रति किलो बढ़ा दिए गए। इससे पहले गैस कंपनियों ने शुक्रवार को सीएनजी की कीमतें दो रुपए प्रति किलो बढ़ा दी थी। पिछले तीन दिन में सीएनजी तीन रुपए महंगी हुई है।
भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में तीन प्रति लीटर तक की बढ़ोतरी के बाद केंद्र सरकार ने तेल कंपनियों के लिए नियमों में बदलाव किया है। सरकार ने पेट्रोल एक्सपोर्ट पर तीन रुपए प्रति लीटर का विंडफॉल टैक्स लगा दिया है। इसके साथ ही डीजल और जेट फ्यूल पर टैक्स घटाया है।
अमेरिकी प्रतिभूति एवं विनिमय आयोग (SEC) ने गौतम अदाणी और सागर अदाणी के खिलाफ चल रहे मुकदमे के निपटारे पर सहमति दी है।
भारतीय शेयर बाजार में सप्ताह के आखिर कारोबारी दिन शुक्रवार की शुरुआत पॉजिटिव रही। प्रमुख बेंचमॉर्क इंडेक्स बीएसई सेंसेक्स और एनएसई निफ्टी 50 हरे निशान पर ट्रेड करते हुए ओपन हुए। इससे पहले मार्केट में गुरुवार के कारोबारी दिन जोरदार तेजी देखने को मिली थी।
हफ्ते के चौथे कारोबारी दिन आज घरेलू शेयर बाजार में राहत की किरण नजर आ रही है। बीते कुछ दिनों से बिकवाली का दबाव झेल रहे बाजार के प्रमुख सूचकांक हरे निशान पर कारोबर करते दिख रहे हैं। हालांकि, शुरुआती कारोबार में बढ़त के बाद बेंचमार्क सूचकांकों पर बिकवाली का जोर दिखा।
देश में आज से दूध महंगा हो गया है। देर शाम दिग्गज कंपनियों अमूल और मदर डेयरी ने एक के बाद एक अपनी पैकेज्ड मिल्क की कीमतों में बढ़ोतरी का ऐलान किया था और गुरुवार को महंगाई का झटका देश की जनता को लगा है।
अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत को लेकर छाई अनिश्चितता और पश्चिम एशिया में लगातार बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव का सीधा असर भारतीय शेयर बाजार पर पड़ा है। विदेशी निवेशकों की ओर से बिकवाली के दबाव के कारण इक्विटी बाजारों में लगातार चौथे कारोबारी सत्र में भारी दबाव दिखा।
बीते रविवार को पहली बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के लोगों से एक साल तक सोना न खरीदने की अपील की थी और 24 घंटे के भीतर ही अपनी इस अपील को दोहराया भी था। अब सरकार ने गोल्ड को लेकर एक बड़ा फैसला ले लिया है।