Share Market Today July 24: अमेरिका-ईरान युद्ध से ब्रेंट क्रूड 100 डॉलर के पार, अमेरिका द्वारा 10% टैरिफ लगाने और अमेरिकी-एशियाई बाजारों में भारी बिकवाली के चलते भारतीय शेयर बाजार में लगातार पांचवें दिन बड़ी गिरावट दर्ज।

आज भारतीय शेयर बाजार में लगातार पांचवें दिन भारी बिकवाली का दौर देखने को मिल रहा है। पिछले सत्र में 76,391 के स्तर पर बंद हुआ बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स आज कारोबार की शुरुआत में ही करीब 500 अंकों की भारी गिरावट के साथ कारोबार कर रहा है। इसके साथ ही, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी भी लगभग 170 अंकों का गोता लगाकर 23,700 के मनोवैज्ञानिक स्तर के आसपास ट्रेड कर रहा है। बाजार में निवेशकों के बीच चौतरफा घबराहट और बिकवाली का माहौल हावी है।
वैश्विक स्तर पर अमेरिका और ईरान के बीच गहराते तनाव और युद्ध जैसे हालातों के चलते ब्रेंट क्रूड ऑयल (Brent Crude) की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल के महत्वपूर्ण आंकड़े को पार कर गई हैं। चूंकि भारत अपनी कुल ऊर्जा और तेल जरूरतों का 80% से अधिक हिस्सा आयात करता है, इसलिए कच्चे तेल की इन बढ़ती कीमतों ने देश की अर्थव्यवस्था के लिए खतरे की घंटी बजा दी है। इससे घरेलू स्तर पर महंगाई (Inflation) बढ़ने और देश का व्यापार घाटा (Trade Deficit) गहराने का गंभीर डर निवेशकों को सता रहा है, जिसका सीधा असर शेयर बाजार पर पड़ रहा है।
अमेरिका ने 'लेबर चिंताओं' और श्रम मानकों का हवाला देते हुए भारत से आयात होने वाली वस्तुओं और सामानों पर 10% अतिरिक्त टैरिफ लगाने की बड़ी घोषणा कर दी है। इस नए फैसले से भारतीय एक्सपोर्टर कंपनियों के प्रॉफिट मार्जिन पर तगड़ा नकारात्मक असर पड़ने की पूरी आशंका है। अमेरिका का तर्क है कि वह अपने देश के घरेलू उद्योगों और उपभोक्ताओं को ऐसे उत्पादों से बचाना चाहता है, जिनके निर्माण में कथित तौर पर मानवाधिकारों का उल्लंघन हुआ है। अमेरिकी प्रशासन का यह भी मानना है कि विकासशील देशों में सस्ते और जबरन श्रम के कारण उत्पादन लागत बहुत कम आती है, जिससे वहां के उत्पाद अमेरिकी बाजारों में सस्ते बिकते हैं और स्थानीय अमेरिकी कंपनियों को भारी नुकसान उठाना पड़ता है।
कच्चे तेल की बेकाबू कीमतों और वैश्विक महंगाई के बढ़ते जोखिम के चलते आज एशियाई बाजारों में भी भारी मंदी का माहौल है। जापान का निक्केई 225 इंडेक्स शुरुआती कारोबार में ही 3% तक लुढ़क चुका है। एशियाई क्षेत्र में सबसे बड़ी गिरावट दक्षिण कोरिया के कोस्पी (Kospi) इंडेक्स में दर्ज की गई है, जो 3.4% तक नीचे आ गया है। इसके अलावा, हांगकांग का हैंगसेंग इंडेक्स 1.1% और चीन का शंघाई कम्पोजिट 0.07% की मामूली गिरावट के साथ लाल निशान में कारोबार कर रहा है।
भारतीय और एशियाई बाजारों से पहले अमेरिकी शेयर बाजार (Wall Street) में भी बीते गुरुवार की रात भारी बिकवाली दर्ज की गई थी। टेक शेयरों में सुस्ती के कारण नैस्डैक कम्पोजिट 553 अंक लुढ़ककर 25,137 पर बंद हुआ, जबकि डाऊ जोन्स 506 अंकों की गिरावट के साथ 51,711 के स्तर पर आ गया। S&P 500 भी 1.21% के नुकसान के साथ 7,408 पर बंद हुआ।
कारोबार के दौरान गूगल की पेरेंट कंपनी अल्फाबेट (Alphabet) के शेयरों में 7% की बड़ी गिरावट आई, क्योंकि कंपनी के अच्छे तिमाही नतीजों के बावजूद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर भारी खर्च बढ़ाने की योजना ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी। वहीं, टेस्ला (Tesla) के शेयरों में 14% तक का जोरदार क्रैश देखा गया। इस बड़ी बिकवाली के तूफान में अमेरिका की 7 सबसे बड़ी टेक कंपनियों—जिन्हें 'मैग्निफिसेंट सेवन' कहा जाता है—की कुल मार्केट वैल्यू से एक झटके में 889 बिलियन डॉलर स्वाहा हो गए।

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देशभर के सर्राफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में जारी उतार-चढ़ाव के बीच मंगलवार को ग्राहकों के लिए राहत भरी खबर आई। बीते दो दिनों की तेजी पर ब्रेक लगाते हुए सोने और चांदी दोनों के दामों में गिरावट दर्ज की गई। पश्चिम एशिया में जारी उथल-पुथल के कारण कच्चे तेल की कीमतों में आए उबाल से कीमती धातुओं की चमक फीकी पड़ी है।
आज भारतीय शेयर बाजार ने वैश्विक चुनौतियों के बात भी मजबूत बढ़त दर्ज की। सेंसेक्स 200 अंक से अधिक चढ़ा, निफ्टी 23,450 के ऊपर रहा और आईटी सूचकांक में 3 फीसदी से अधिक की तेजी आई। दरअसल, वैश्विक स्तर पर बढ़ते बॉन्ड प्रतिफल और कच्चे तेल के दामों ने निवेशकों को चिंतित किया।
अगस्त में खुदरा महंगाई दर बढ़कर 4.82% और खाद्य महंगाई 5.95% पर पहुंच गई है। थोक महंगाई में भी उछाल आया है। जानें RBI के नए अनुमान और महंगाई से जुड़ी पूरी रिपोर्ट।
सरकार ने OneTag सुविधा लॉन्च कर दी है जिससे अब बिना फास्टैग स्टिकर बदले बैंक बदलना आसान हो गया है। जानिए राजमार्गयात्रा ऐप के जरिए फास्टैग पोर्ट करने की पूरी प्रक्रिया।
सोने-चांदी के दाम में आज गिरावट दर्ज की गई। 10 ग्राम 24 कैरेट सोने की कीमत 269 रुपए गिरकर 1.53 लाख रुपए पर आ गई है। एक किलो चांदी की कीमत 3,742 रुपए कम होकर करीब 2.30 लाख रुपए हो गई है।
एपल ने देर रात लॉन्च इवेंट सरप्राइज एंड शाइन में अपने पहले फोल्डेबल फोन आईफोन डुओ के साथ 6 डिवाइस लॉन्च किए। आईफोन डुओ में 5.4-इंच का कवर डिस्प्ले और अंदर 7.6-इंच की मेन स्क्रीन है, जो अब तक के किसी भी आईफोन का सबसे बड़ा डिस्प्ले है।
स्मार्टफोन की दुनिया में फोल्डेबल फोन कभी महज एक महंगा प्रयोग माने जाते थे, लेकिन अब यह प्रीमियम मोबाइल बाजार का अहम हिस्सा बन चुके हैं। इस बदलाव में सैमसंग की भूमिका सबसे बड़ी रही है। यानी जिस बाजार को सैमसंग ने कई साल तक तैयार किया, वहां अब एपल सीधे प्रीमियम सेगमेंट में मुकाबले के लिए उतरने वाला है।
भारतीय शेयर बाजार आज कारोबारी सत्र में लाल निशान में खुला। सेंसेक्स 533 अंक या 0.71 प्रतिशत की गिरावट के साथ 75,044 और निफ्टी 135 अंक या 0.57 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 23,498 पर था। शुरुआती कारोबार में बाजार पर दबाव बनाने का काम आईटी और सर्विसेज सेक्टर ने किया।
भारतीय शेयर बाजार में आज भारी गिरावट दर्ज की गई। सेंसेक्स 400 अंक लुढ़क गया। निफ्टी भी 23,700 के महत्वपूर्ण स्तर से नीचे आ गया। अडानी एंटरप्राइजेज और एक्सिस बैंक सबसे ज्यादा नुकसान वाले शेयरों में रहे। दरअसल, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें बाजार पर दबाव डाल रही हैं।