मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वीर बाल दिवस पर गुरुद्वारा हमीदिया में मत्था टेका। उन्होंने घोषणा की कि साहिबजादा जोरावर सिंह और फतेह सिंह के बलिदान की गाथा को एमपी के स्कूली पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा
24 नवंबर को गुरु तेग बहादुर शहादत दिवस क्यों मनाया जाता है? जानिए सिखों के नौवें गुरु, 'हिन्द की चादर' कहे जाने वाले तेग बहादुर जी के जीवन, धर्म रक्षा के लिए उनके अद्वितीय बलिदान और भारतीय इतिहास पर उनके प्रभाव के बारे में।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव गुरुवार को जबलपुर में गोंडवाना साम्राज्य के अमर शहीद राजा शंकर शाह, कुंवर रघुनाथ शाह के 168 वें बलिदान दिवस कार्यक्रम में शामिल हुए। इससे पहले सीएम ने दोनों शहीद की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण किया और रानी दुर्गावती चिकित्सालय जबलपुर में झाडू लगाई।
जयराम शुक्ल अपने लेख में बताते हैं कि असली राष्ट्रप्रेम तिरंगा रैली निकालने या दिखावे से नहीं, बल्कि अपने-अपने दायित्व को ईमानदारी और निष्ठा से निभाने में है। शहीद पद्मधर सिंह से लेकर कैप्टन विक्रम बत्रा तक के बलिदान का स्मरण करते हुए वे कहते हैं कि तिरंगा आचरण में दिखना चाहिए, आवरण में नहीं।
1 जून 2025 को भोपाल अपनी आज़ादी की 76वीं वर्षगांठ मना रहा है। जानें कैसे नवाब के विरोध के बावजूद जनता के संघर्ष ने भोपाल को भारतीय संघ में विलय कराया और बलिदानियों को नमन करें।

















