मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 2026 को 'कृषक कल्याण वर्ष' घोषित किया। सरसों पर भावांतर योजना, 30 लाख सोलर पंप और सिंचाई परियोजनाओं से बदलेगी मप्र के किसानों की किस्मत।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोयाबीन भावांतर योजना के तहत 1.33 लाख से अधिक किसानों के खातों में ₹233 करोड़ की राशि अंतरित की। उन्होंने इसे किसानों के लिए सम्मान और समृद्धि का प्रतीक बताया।
सीएम डॉ. मोहन यादव ने भावांतर योजना के तहत मध्य प्रदेश के 1 लाख 33 हजार सोयाबीन उत्पादक किसानों के खाते में 233 करोड़ रुपए की राशि भेजी। सीएम ने कहा कि मध्य प्रदेश देश का पहला राज्य है, जहां भावांतर योजना लागू की गई। किसान को फसलों का सही दाम दिलवाना सरकार का लक्ष्य।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव किसान हित और उनके कल्याण के लिए संकल्पित है। उन्होंने प्रदेश के अन्नदाताओं की सोयाबीन उपज का एमएसपी का पूर्ण लाभ दिलाने के लिए भावांतर योजना लागू की है। साथ ही किसान हितैषी अनेक योजनाएं भी संचालित की जा रही हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भावांतर योजना की समीक्षा की और प्रदेश के किसानों के लिए महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए। मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि प्रदेश में 24 अक्टूबर से लेकर 15 जनवरी 2026 तक सोयाबीन का विक्रय भावांतर योजना के दायरे में रहेगा।
दिवाली के शुभ अवसर पर, 21 अक्टूबर को आयोजित मुहूर्त ट्रेडिंग में भारतीय शेयर बाजार ने तेजी दर्ज की। एक घंटे की इस विशेष ट्रेडिंग में, सेंसेक्स 63 अंकों की बढ़त के साथ 84,426 के रिकॉर्ड स्तर पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 25 अंकों की तेजी के साथ 25,869 के स्तर पर रहा।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 21 अक्टूबर 2025 को उज्जैन के तिलकेश्वर महादेव मंदिर गौशाला में गोवर्धन पूजा और विशाल गौ-अन्नकूट में भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि भारतीय सनातन संस्कृति हमें प्रकृति से जोड़े रखती है, और सही मायनों में दीपावली तभी सार्थक होगी जब किसान और गौ-वंश उन्नत होंगे
MP कैबिनेट में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लिया बड़ा फैसला। पेंशनरों की DR 2% बढ़ी, सोयाबीन किसानों के लिए भावांतर योजना लागू, और कोदो-कुटकी MSP पर खरीदने के लिए श्री अन्न फेडरेशन को मंजूरी।




















