मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में सुबह लोकायुक्त की विशेष टीम ने लोक निर्माण विभाग के पूर्व मुख्य अभियंता के आवास पर दबिश दी। दावा किया जा रहा है कि जांच के दौरान कई अहम दस्तावेज और कुछ कैश भी टीम के हाथ लगा है। कुछ सोना-चांदी भी मिला है।
मध्यप्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी के सतना कार्यालय से जारी आदेश ने सवाल खड़े कर दिए हैं। कार्यपालन अभियंता प्रकाश चंद्र निगम को रिटायरमेंट से केवल 5 दिन पहले मुख्य अभियंता बनाकर जबलपुर ट्रांसफर किया गया। कर्मचारियों का आरोप है कि विभाग अधिकारी-कर्मचारी में भेदभाव कर रहा है और इस फैसले से अनावश्यक आर्थिक बोझ बढ़ेगा।
सतना-मैहर फोरलेन और नागौद लिंक रोड निर्माण कार्य एसडीओ बृजेश सिंह की स्वेच्छाचारिता और लापरवाही से प्रभावित हो रहा है। करोड़ों की लागत से बनने वाली सड़क का काम धीमी गति से चल रहा है, जबकि विभागीय पत्राचार और शिकायतों के बावजूद कार्रवाई नहीं हो रही। रीवा मुख्य अभियंता कार्यालय की चुप्पी ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।















