मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के सीमांत धार्मिक व ऐतिहासिक क्षेत्र चित्रकूट और सतना जिले में बीते 24 घंटों के दौरान हुई अतिवृष्टि ने भारी तबाही मचाई है। चित्रकूट में मंदाकिनी नदी अपने 23 साल पुराने जलस्तर का रिकॉर्ड तोड़ते हुए खतरे के निशान से 8.70 मीटर ऊपर बह रही है।
राजधानी जयपुर के बगरू इलाके स्थित रामपुरा-कंवरपुरा गांव में उस समय भारी हंगामा हो गया, जब कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के कार्यकर्ता और प्रवक्ता आशुतोष रांका सरकारी स्कूल की व्यवस्थाओं का जायजा लेने पहुंचे।
उज्जैन के कायाकल्प और सिंहस्थ-2028 की तैयारियों को गति देने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार को शहर में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों का गहन निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कंठाल चौराहे से लेकर सती गेट और छोटा सराफा तक मार्ग चौड़ीकरण कार्य का जायजा लिया, जो आगामी शाही सवारी का प्रमुख मार्ग भी है।
उत्तराखंड के चमोली जिले स्थित पीपलकोटी में विष्णुगाड-पीपलकोटी जल विद्युत परियोजना की निर्माणाधीन टनल में गुरुवार शाम एक भीषण हादसा हो गया। टनल में अचानक हुए भूधंसाव, पानी के रिसाव और मलबे के कारण 24 मजदूर फंस गए।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा-सिंहस्थ-2028 के लिए श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों की सुविधा बढ़ाने के लिए चौड़ीकरण कार्य किए जा रहे हैं। सरकार द्वारा सभी कार्यों की सतत मॉनिटरिंग की जा रही है। सिंहस्थ के लिए सभी कार्य इस तरीके से किए जा रहे हैं कि पौराणिक और धार्मिक नगरी उज्जैन को लंबे समय तक उनका लाभ प्राप्त हो।
मध्यप्रदेश के धार जिले की ऐतिहासिक भोजशाला को लेकर सोमवार को हाई कोर्ट इंदौर में सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान प्राथमिक जानकारी मिली है कि आगामी दिनों में हाई कोर्ट के न्यायाधीश विवादित स्थल का मुआयना करेंगे।



















