मध्य प्रदेश भाजपा में संगठन महामंत्री का पद केवल एक राजनीतिक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सत्ता और संगठन के बीच वैचारिक संतुलन, सख्त अनुशासन और कार्यकर्ताओं के मनोबल को बनाए रखने वाली मुख्य धुरी माना जाता है। नौ महीनों से इस शीर्ष पद का खाली होना पार्टी के भीतर एक बड़ी ‘कमी’ को बयां कर रहा है।
मध्यप्रदेश कांग्रेस में एक बार फिर कलह सामने आई है। हालांकि यह पहली बार नहीं है। इससे पहले भी पार्टी नेताओं के बीच गुटबाजी और खींचतान उजागर हो चुकी है। लेकिन इसके बाद भी नेतृत्व सबक नहीं ले रहा है।














