तंजानिया में चुनाव के बाद भड़की हिंसा पर तनाव बढ़ता जा रहा है। विपक्षी दलों ने आरोप लगाया है कि सुरक्षाबलों ने सैकड़ों लोगों की हत्या की और शवों को गुपचुप तरीके से ठिकाने लगा रहे हैं। सरकार चुप है, जबकि अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने हिंसा और अत्यधिक बल प्रयोग की निंदा की है।

नैरोबी (तंजानिया)। तंजानिया में पिछले हफ्ते हुए आम चुनावों के बाद फैली हिंसा को लेकर मंगलवार को हालात और तनावपूर्ण हो गए। विपक्षी दलों ने दावा किया है कि सुरक्षाबलों ने विरोध प्रदर्शनों को कुचलने के दौरान सैकड़ों लोगों की हत्या की और अब वे शवों को गुपचुप तरीके से ठिकाने लगा रहे हैं ताकि मौतों का वास्तविक आंकड़ा सामने न आ सके।
आम चुनाव के बाद कई दिनों तक चले हिंसक प्रदर्शन
देशभर में 29 अक्तूबर को हुए मतदान के बाद कई दिनों तक हिंसक प्रदर्शन हुए। ज्यादातर युवा सड़कों पर उतर आए और चुनाव में कथित धांधली के खिलाफ प्रदर्शन किया। अंतरराष्ट्रीय पर्यवेक्षकों का कहना है कि चुनाव लोकतांत्रिक मानकों पर खरे नहीं उतरे, क्योंकि विपक्ष के प्रमुख नेताओं को चुनाव लड़ने से रोका गया था।
विपक्षी दल का दावा- एक हजार से ज्यादा लोगों की गई जान
सरकार ने पूरे देश में कर्फ्यू लागू कर दिया। सुरक्षाबलों ने प्रदर्शनकारियों पर गोलियां चलाईं और आंसू गैस के गोले छोड़े। विपक्षी दल चाडेमा का दावा है कि एक हजार से ज्यादा लोगों की जान गई है। पार्टी ने आरोप लगाया कि सुरक्षाबल शवों को रातों-रात गुप्त ठिकानों पर फेंक रहे हैं। सरकार ने अब तक इन आरोपों पर कोई टिप्पणी नहीं की है।
विपक्ष ने राष्ट्रपति हसन की जीत को बताया था अवैध
चाडेमा की प्रवक्ता ब्रेंडा रुपिया ने कहा, तंजानिया के लोग सदमे में हैं। हमारे देश के लिए यह स्थिति पूरी तरह नई है। उन्होंने कहा कि केवल म्बेया क्षेत्र के तुंडुमा इलाके में ही करीब 400 मौत की सूचना है। राष्ट्रपति सामिया सुलुहू हसन को 97 फीसदी से अधिक वोट मिले हैं। यह उनका पहला चुनाव था। वह 2021 में तत्कालीन राष्ट्रपति जॉन मागुफुली की अचानक मौत के बाद उपराष्ट्रपति से राष्ट्रपति बनी थीं। हालांकि विपक्ष ने हसन की जीत को 'गैरकानूनी' बताया। चाडेमा के प्रमुख नेता तुंडू लिस्सू को देशद्रोह के आरोप में जेल में रखा गया है और उनके सहयोगी जॉन हेचे को मतदान से पहले गिरफ्तार किया गया था।
ह्यूमन राइट्स वॉच ने की प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई की आलोचना
मानवाधिकार संगठन 'ह्यूमन राइट्स वॉच' ने बयान जारी कर प्रदर्शनकारियों पर हुई कार्रवाई की कड़ी आलोचना की है। संगठन ने कहा कि सुरक्षाबलों द्वारा अत्यधिक और जानलेवा बल का इस्तेमाल किया गया और सरकार को इसकी जवाबदेही तय करनी चाहिए। ब्रिटेन, नॉर्वे और कनाडा ने भी हिंसा में बड़ी संख्या में लोगों की मौत की विश्वसनीय रिपोर्ट का हवाला दिया है। वहीं कैथोलिक चर्च ने कहा है कि 'सैकड़ों लोग' मारे गए हैं। हालांकि उसने भी सटीक आंकड़े की पुष्टि नहीं की है।


जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार ने सिंधु जल संधि को लेकर भारत को चेतावनी दी है। जानिए संधि का इतिहास, भारत का रुख और दोनों देशों के बीच पानी के विवाद की पूरी जानकारी।
रूस ने बुधवार तड़के यूक्रेन की राजधानी कीव और अन्य जगहों पर 130 से अधिक ड्रोन और मिसाइलों से एयरस्ट्राइक की। इस हमले में 3 बच्चों समेत 11 नागरिकों की मौत हो गई।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने गैस की बढ़ती कीमतों और ईरान युद्ध के बारे में बात करते हुए लॉस एंजिल्स और सैन डिएगो के बारे में ऐसी बातें कहीं जिनकी कड़ी आलोचना हो रही है। कैलिफोर्निया के गवर्नर गैविन न्यूसम उन लोगों में शामिल हैं, जिन्होंने ट्रंप की बातों की सबसे पहले आलोचना की।
फ्लाईदुबई फ्लाइट में सह-पायलट के हमले से घायल कैप्टन स्मित की सेहत पर बड़ा खुलासा। जानिए 'डिप्रेस्ड फ्रैक्चर' क्या है और अब कैसी है उनकी हालत।
वर्ष 2026 का भौतिकी नोबेल पुरस्कार फ्रांसिस हाल्जेन को आइसक्यूब न्यूट्रिनो ऑब्जर्वेटरी और हाई-एर्जी न्यूट्रिनो की खोज के लिए दिया गया है।
स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति के साथ बैठक में पीएम मोदी ने वैश्विक शांति पर जोर दिया। एस जयशंकर ने बताया कि ब्लैक सी में भारतीय नाविकों की सुरक्षा और अनाज निर्यात के लिए भारत रूस-यूक्रेन के संपर्क में है।
विज्ञान अब यादों को बदलने और मिटाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। जानिए कैसे बोस्टन यूनिवर्सिटी के शोध और ऑप्टोजेनेटिक्स तकनीक से भविष्य में ट्रॉमा और मानसिक बीमारियों का इलाज संभव हो सकता है।
जानें चिकित्सा क्षेत्र के 2026 के नोबेल पुरस्कार के बारे में। कार्ल डिसेरोथ, पीटर हेगमैन और जॉर्ज नागेल को यह सम्मान 'ऑप्टोजेनेटिक्स' और 'लाइट-गेटेड आयन चैनलों' की खोज के लिए मिला है।
फ्लाईदुबई की फ्लाइट में भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छर पर हमला करने वाले ओमान के को-पायलट हमाम अल-हमामी का इजराइल में विमान क्रैश करने का प्लान था।