सतना में भाजपा ने संगठनात्मक बैठकों के लिए सख्त टाइमलाइन लागू की है। अब मंडल से बूथ स्तर तक हर कार्यकर्ता को तय तारीख पर बैठक करनी होगी, जिससे संगठन और सरकार में बेहतर तालमेल बनेगा।

हाइलाइट्स:
सतना, स्टार समाचार वेब
जनता पार्टी ने अपने संगठनात्मक ढांचे को नई धार देने के लिए एक बड़ी व्यवस्था लागू की है। पार्टी ने इतिहास में पहली बार बैठकों और प्रवास (दौरे) के लिए एक सख्त ‘टाइमलाइन’ निर्धारित कर दी है। अब प्रदेश अध्यक्ष से लेकर बूथ स्तर के कार्यकर्ता को पता होगा कि उन्हें महीने के किस दिन, कहां और किसके साथ बैठक करनी है। इससे पहले अक्सर देखा जाता था कि पार्टी की बैठकें वरिष्ठ नेताओं द्वारा तय किए गए समय के आधार पर होती थीं। जब वरिष्ठ के नेता समय देते थे तब बैठकों का आयोजन होता था लेकिन अब बैठकों की तारीखें तय होने के साथ ही यह भी तय हो गया कि अब नेताओं के नहीं पार्टी के हिसाब से बैठकें होंगी। महीने के अंत में कार्यकर्ताओं के बीच आपसी सामंजस्य बढ़ाने के लिए 'टिफिन बैठक’ जैसी अनूठी पहल को शामिल किया गया है। 23 से 30 तारीख के बीच शक्ति केंद्र टोली की बैठकों के बाद अनिवार्य रूप से टिफिन बैठक का आयोजन किया जाएगा। संगठन की इस नई कार्ययोजना का मुख्य उद्देश्य संगठन और सरकार के बीच बेहतर तालमेल और योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करना है।
मंडल स्तर महीने के पहले सप्ताह में 1 से 7 तक
महीने के पहले सप्ताह में संगठन का पूरा ध्यान मंडल स्तर पर केंद्रित रहेगा। हर महीने में 1 से 7 तारीख के बीच मंडल की बैठकें आयोजित की जाएंगी। इस बैठक में जिलाध्यक्ष और जिला प्रभारी की उपस्थिति अनिवार्य की गई है, जो मंडल अध्यक्ष, मंडल पदाधिकारियों, मंडल मोर्चा अध्यक्षों और वार्ड संयोजकों के साथ समन्वय स्थापित करेंगे।
जिला स्तर दूसरा सप्ताह 7 से 10 तक
दूसरे चरण में संगठनात्मक गतिविधियों का केंद्र जिला मुख्यालय होंगे। प्रत्येक माह की 7 से 10 तारीख के बीच जिला स्तरीय बैठकें संपन्न की जाएंगी। इन बैठकों में संभाग प्रभारी, जिला प्रभारी और जिलाध्यक्ष की उपस्थिति अनिवार्य रहेगी। इस दौरान जिला पदाधिकारियों, मंडल अध्यक्षों और मोर्चों के जिलाध्यक्षों के साथ मिलकर भविष्य की कार्ययोजना और स्थानीय योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की जाएगी।
प्रदेश स्तरीय बैठकें और प्रवास : तीसरा सप्ताह 11 से 20 तक
महीने के मध्य का समय प्रदेश स्तरीय बैठकों और वरिष्ठ पदाधिकारियों के प्रवास के लिए सुरक्षित रखा गया है। प्रत्येक माह की 15 से 20 तारीख के बीच प्रदेश पदाधिकारी,संभाग प्रभारी और जिला प्रभारियों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जाएगी। इसी अवधि में 11 से 20 तारीख के बीच विभिन्न मोर्चों के प्रदेश अध्यक्ष अलग-अलग संभागों का प्रवास करेंगे। यह सुनिश्चित किया गया है कि सभी मोर्चा अध्यक्ष एक ही संभाग में न रहकर अलग-अलग क्षेत्रों में जाकर संगठन के कामों की समीक्षा करें।
मंडल और शक्ति केंद्र : चौथा सप्ताह 21 से 25 तक
महीने के चौथे सप्ताह में विशिष्ट इकाइयों और शक्ति केंद्रों पर ध्यान दिया जाएगा। 21 से 25 तारीख के बीच मंडल अध्यक्ष, शक्ति केंद्र प्रभारी और बूथ अध्यक्षों की बैठकें आयोजित की जाएंगी। इस चरण में विशेष रूप से आगामी रविवार को होने वाले ‘मन की बात’ कार्यक्रम और बूथ समिति की बैठक का एजेंडा निर्धारित किया जाएगा। ये बैठक दो महीने के रोटेशन के आधार पर हर महीने 50 प्रतिशत मंडलों में आयोजित की जाएंगी। इसके साथ ही महीने के अंतिम रविवार को बूथ स्तर पर ‘मन की बात’ कार्यक्रम सुना जाएगा, जिसमें बूथ की 11 सदस्यीय टोली के साथ स्थानीय वरिष्ठ कार्यकर्ता और प्रमुख मतदाता भी शामिल होंगे।
भाजपा देश हित में लगातार काम करने वाली पार्टी है। जनकल्याणकारी योजनाएं लोगों तक पहुंचे इसके लिए पार्टी लगातार सातों दिन 24 घंटे काम करती है। पार्टी की इस नई व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य संगठन और सरकार के बीच बेहतर तालमेल बनाकर जनकल्याणकारी योजनाओं का क्रि यान्वयन सुनिश्चित करना है। नई व्यवस्था से पार्टी कार्यकर्ताओं को भी यह जानकारी रहेगी कि कौन सा नेता कब और कहां बैठक में शामिल होगा?
भगवती पांडेय, जिलाध्यक्ष भाजपा


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