मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्य प्रदेश में उद्यानिकी फसलों के रकबे को 30 लाख हेक्टेयर तक ले जाने का लक्ष्य रखा है। मसाला उत्पादन में MP देश में पहले स्थान पर है। जानें उज्जैन में फ्लोरीकल्चर सेंटर और मखाना खेती की नई योजनाएं।

उद्यानिकी फसलों की समीक्षा की सीएम मोहन यादव ने
भोपाल। स्टार समाचार वेब
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राज्य में किसानों की आय दोगुनी करने के लिए उद्यानिकी (Horticulture) और खाद्य प्रसंस्करण को मुख्य आधार बताया है। मंत्रालय में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि प्रदेश की मसाला और औषधीय फसलों की अंतरराष्ट्रीय ब्रांडिंग की जाए और किसानों को पारंपरिक खेती के साथ-साथ फल-फूल और सब्जियों के उत्पादन के लिए प्रेरित किया जाए।
समीक्षा बैठक में यह गर्व का विषय रहा कि मध्य प्रदेश मसाला फसलों के उत्पादन में पूरे देश में पहले स्थान पर काबिज हो गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह उपलब्धि हमें इस क्षेत्र में और भी बेहतर करने के लिए प्रेरित करती है। इसके अलावा, मध्य प्रदेश पुष्प और सब्जी उत्पादन में देश में तीसरे और फलोत्पादन में चौथे स्थान पर है।
उत्पादन की वर्तमान स्थिति:
| फसल/उत्पादन | मप्र में कुल उत्पादन | देश में स्थान |
| मसाला फसलें | 57.72 लाख मी. टन | प्रथम |
| पुष्प (फूल) | 4.88 लाख मी. टन | तीसरा |
| सब्जी | 259.52 लाख मी. टन | तीसरा |
| फल | 102.44 लाख मी. टन | चौथा |
सिंहस्थ-2028 को ध्यान में रखते हुए उज्जैन में फूलों की खेती को बड़े स्तर पर बढ़ावा दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि उज्जैन के पास 19 एकड़ जमीन पर 'सेंटर फॉर एक्सीलेंस फ्लोरीकल्चर' स्थापित किया जाएगा। इसके लिए केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजा जा चुका है।
प्रदेश में मखाना उत्पादन को एक नई पहचान दी जा रही है। नर्मदापुरम, जबलपुर, रीवा और सतना सहित 14 जिलों में मखाना खेती को प्रोत्साहन दिया जा रहा है। इस वर्ष इसका रकबा बढ़ाकर 85 हेक्टेयर करने का लक्ष्य है। सरकार ने लक्ष्य रखा है कि वर्ष 2030 तक प्रदेश में उद्यानिकी का कुल रकबा 30 लाख हेक्टेयर तक पहुँच जाए।
मध्य प्रदेश के स्थानीय उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाने के लिए GI टैग की प्रक्रिया तेज कर दी गई है।
रतलाम का रियावन लहसुन और गुना का कुंभराज धनिया।
बुरहानपुर का केला और खरगोन की मिर्च।
जबलपुरी मटर, इंदौर का मालवी आलू और छतरपुर का पान।
किसानों और बाजार को जोड़ने के लिए प्रदेश के विभिन्न शहरों में विशेष महोत्सव आयोजित किए जाएंगे...
जून: आम महोत्सव (भोपाल)
जुलाई: मिर्च महोत्सव (खरगोन)
सितंबर: केला महोत्सव (बुरहानपुर)
अक्टूबर: सब्जी महोत्सव (इंदौर)
नवंबर: अमरूद महोत्सव (ग्वालियर)
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश की 40 नर्सरियों को पूरी तरह से हाईटेक किया जा रहा है। धार जिले के रूपाखेड़ा गांव का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि यहां के युवा जिस तरह फूलों की खेती कर रहे हैं, वह गांव स्विट्जरलैंड के किसी खूबसूरत गांव की तरह अपनी पहचान बना रहा है।
सप्लाई चेन: औषधीय फसलों की अंतरराष्ट्रीय मांग के अनुसार पूरी सप्लाई चेन तैयार की जाए।
आयुर्वेद का उपयोग: प्रदेश के सरकारी आयुर्वेदिक अस्पतालों में राज्य की ही औषधीय फसलों से बनी दवाओं का उपयोग हो।
प्रोसेसिंग यूनिट: छोटे स्तर पर खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों (Processing Units) को बढ़ावा दिया जाए ताकि किसानों को उपज का बेहतर मूल्य मिले।
पारदर्शिता: योजनाओं का लाभ अंतिम छोर के व्यक्ति तक पहुंचे और आवेदन प्रक्रिया में किसानों को कोई कठिनाई न हो।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्पष्ट किया कि 'किसान कल्याण वर्ष' के तहत उद्यानिकी फसलों का विस्तार और किसानों की आर्थिक समृद्धि ही सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
मानदेय वृद्धि, 25 हजार पर ईपीएफ और कलेक्टर रेट की मांग को लेकर कन्या कॉलेज में अतिथि विद्वानों व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों का धरना दूसरे दिन भी जारी रहा। एसडीएम से बातचीत बेनतीजा रही।
नागौद सिविल अस्पताल में जन्म के बाद टीका लगाए गए नवजात की करीब 15 घंटे बाद तबीयत बिगड़ने पर जिला अस्पताल रेफर किया गया। परिजनों ने टीके के बाद झाग निकलने का आरोप लगाया, चिकित्सकों ने इलाज से सुधार बताया।
सच्चाई भी अच्छाई भी के ध्येय वाक्य के साथ स्टार समाचार ने पत्रकारिता के 16 वर्ष पूरे कर 17वें वर्ष में प्रवेश किया। कार्यालय में केक काटकर उपलब्धियों और कर्मचारियों के योगदान का उत्सव मनाया गया।
कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के उज्जैन में दिए गए अहंकार संबंधी बयान का समर्थन किया है। साथ ही, उन्होंने धर्म को राजनीति से दूर रखने की अपील की है।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जबलपुर में अमर शहीद राजा शंकर शाह और कुंवर रघुनाथ शाह के बलिदान दिवस पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित किया। जानिए इस कार्यक्रम की मुख्य बातें, 'नमो प्रेरणा अभियान' और जनजातीय गौरव से जुड़ी खास जानकारियां।
इंदौर में 19 सितंबर को होने वाले राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर कांग्रेस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। हरीश चौधरी, जीतू पटवारी और उमंग सिंघार ने शिक्षा, रोजगार, 27% ओबीसी आरक्षण और बजट जैसे मुद्दों पर भाजपा सरकार पर तीखे हमले किए।
उज्जैन में युवा धर्म संसद को संबोधित करते हुए आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने मानव अहंकार पर प्रहार किया। उन्होंने कहा कि दुनिया इंसान की मर्जी से नहीं, बल्कि प्रकृति के शाश्वत नियमों से चलती है।
भोपाल के बरकतउल्लाह विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने युवाओं को पर्यावरण संरक्षण, हरित ऊर्जा और राष्ट्र निर्माण के प्रति समर्पित रहने का संदेश दिया। उच्च शिक्षा में बेटियों के नामांकन पर भी विशेष चर्चा हुई।
कूनो नेशनल पार्क में प्रोजेक्ट चीता के तहत मादा चीता KGP12 ने 4 नए शावकों को जन्म दिया है। अब भारत में चीतों की कुल संख्या बढ़कर 54 हो गई है। जानिए पूरी खबर।
शिप्रा नदी के पावन तटों (रामघाट, दत्त अखाड़ा, केदारेश्वर घाट, सुनहरी घाट, भूखी माता घाट) और भव्य महाकाल महालोक में एक साथ 33 लाख 27 हजार दीये प्रज्ज्वलित किए गए। इसके साथ ही उज्जैन ने एक नया वर्ल्ड रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया