मध्य प्रदेश में मार्च की शुरुआत में ही गर्मी ने रिकॉर्ड तोड़ना शुरू कर दिया है। रतलाम में पारा 39 डिग्री पहुंचा। जानें मौसम विभाग की नई गाइडलाइन और आने वाले दिनों का हाल।
By: Star News
Mar 09, 20261:36 PM
भोपाल. स्टार समाचार वेब
मध्य प्रदेश में इस बार गर्मी ने समय से पहले ही अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। मार्च के पहले हफ्ते में ही राज्य के कई हिस्सों में तापमान सामान्य से 3 डिग्री सेल्सियस अधिक दर्ज किया गया है। मालवा और निमाड़ के क्षेत्रों, विशेषकर इंदौर और उज्जैन संभाग में पारा 39 डिग्री के स्तर को छू रहा है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अगले कुछ दिनों में गर्मी का यह असर और भी गहरा सकता है।
रविवार को रंगपंचमी के अवसर पर प्रदेश के अधिकांश शहरों में तेज धूप और गर्मी का प्रभाव देखा गया। तापमान के मुख्य आंकड़े इस प्रकार रहे:
रतलाम: यहाँ सबसे अधिक 39 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया
नर्मदापुरम: पारा 38.1 डिग्री तक पहुंच गया
उज्जैन और ग्वालियर: यहाँ तापमान 36 डिग्री के पार रहा
भोपाल व जबलपुर: राजधानी भोपाल में 34.8 डिग्री और जबलपुर में 34.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया
वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन के अनुसार, इस अचानक आई गर्मी के पीछे हवा की दिशा में बदलाव एक बड़ा कारण है। वर्तमान में हवाएं उत्तर-पूर्व के बजाय पश्चिम और उत्तर-पश्चिम दिशा से आ रही हैं। ये हवाएं रेगिस्तानी इलाकों से होकर आ रही हैं, जिससे नमी कम हो गई है और गर्मी बढ़ गई है।
आमतौर पर मध्य प्रदेश में तेज गर्मी का दौर 15 मार्च के बाद शुरू होता है, लेकिन इस साल यह ट्रेंड बदल गया है। मार्च के पहले पखवाड़े में ही पारा 40 डिग्री तक पहुंचने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि, राहत की बात यह है कि 9 मार्च से एक पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय हो रहा है, जिससे मौसम में कुछ बदलाव आ सकता है।
बढ़ती गर्मी को देखते हुए मौसम विभाग (IMD) ने नागरिकों के लिए कुछ जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए हैं-
दोपहर 12 से 3 बजे तक: यदि आवश्यक न हो तो घर से बाहर निकलने से बचें
हाइड्रेशन: शरीर में पानी की कमी न होने दें और पर्याप्त तरल पदार्थों का सेवन करें
पहनावा: हल्के रंग के ढीले सूती कपड़े पहनें और बाहर निकलते समय चेहरा ढककर रखें
विशेष सावधानी: बच्चों, बुजुर्गों और बीमार व्यक्तियों की सेहत का खास ख्याल रखें