रीवा संभाग के छह जिलों में सरकारी योजनाओं से जुड़े हितग्राहियों की ई-केवाईसी प्रक्रिया बेहद धीमी है। 1 लाख 16 हजार से अधिक पात्र लोगों में से केवल 3,652 की ही ई-केवाईसी पूरी हो पाई है। यह स्थिति भविष्य में योजना लाभ रुकने और नाम कटने का खतरा बढ़ा रही है, जिस पर प्रशासनिक कार्रवाई जरूरी है।

हाइलाइट्स:
सतना, स्टार समाचार वेब
सरकारी योजनाओं से जुड़े पात्र हितग्राहियों की ई-केवाईसी प्रक्रिया रीवा संभाग में गंभीर रूप से पिछड़ती नजर आ रही है। उपलब्ध आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, संभाग के छह जिलों में दर्ज 1 लाख 16 हजार 686 पात्र हितग्राहियों में से केवल 3 हजार 652 की ही ई-केवाईसी पूरी हो सकी है। इसका अर्थ यह है कि हर सौ में 97 से अधिक हितग्राही अब भी इस प्रक्रिया से बाहर हैं। स्थिति यह है कि बड़े जिले सतना और रीवा हों या नए जिले मैहर और मऊगंज, कहीं भी कार्य की गति संतोषजनक नहीं दिखाई दे रही।
सार्वजनिक वितरण प्रणाली के हितग्राहियों की ई-केवाईसी प्रक्रिया को लेकर रीवा संभाग की तस्वीर चिंताजनक सामने आई है। 04 फरवरी 2026 तक के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, संभाग के सतना, रीवा, सीधी, सिंगरौली, मैहर और मऊगंज जिलों में कुल 1 लाख 16 हजार 686 पात्र हितग्राहियों में से केवल 3 हजार 652 की ही ई-केवायसी पूरी हो सकी है। इसका सीधा मतलब यह है कि 97 प्रतिशत से अधिक हितग्राही अब भी ई-केवायसी से बाहर हैं, जिससे भविष्य में योजना लाभ बाधित होने का खतरा बढ़ गया है।
नवीन जोड़े गए ज्यादा खराब
आंकड़ों के मुताबिक नवीन जोड़े गए पात्र हितग्राहियों की स्थिति सबसे ज्यादा खराब है। छह जिलों में ऐसे 58,128 नए हितग्राही दर्ज किए गए, लेकिन इनमें से सिर्फ 1,748 (करीब 3 प्रतिशत) की ई-केवाईसी ही अब तक हो पाई है। जिलेवार देखें तो सतना में 12,931 में से 215, रीवा में 17,716 में से 633, सीधी में 8,916 में से 263 और सिंगरौली में 5,808 में से 266 हितग्राहियों की ई-केवाईसी पूरी हुई है। वहीं मैहर में 7,836 में से 247 और मऊगंज में 4,921 में से केवल 124 हितग्राही ही प्रक्रिया पूरी कर सके हैं।
3.5 फीसदी ही केवाइसी
पहले से लाभान्वित परिवारों की स्थिति भी बेहतर नहीं है। छह जिलों में इस श्रेणी के कुल 58,558 सदस्य दर्ज हैं, लेकिन इनमें से केवल 1,904 (लगभग 3.25 प्रतिशत) की ई-केवाईसी हो सकी है। रीवा में 17,039 में से 881, सतना में 11,145 में से 186, सीधी में 9,143 में से 306, सिंगरौली में 10,206 में से 218, मैहर में 5,829 में से 221 और मऊगंज में 5,196 में से मात्र 92 सदस्यों की ई-केवाईसी दर्ज है।
कब तेज होगी रफ्तार
प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक बड़ी संख्या में मामले कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी स्तर पर स्वीकृति के लिए लंबित हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि तय समयसीमा में ई-केवाईसी पूरी नहीं हुई तो कई पात्र हितग्राहियों को योजना भुगतान रुकने या नाम सूची से हटने जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। अब सवाल यह है कि जब लक्ष्य और आंकड़े दोनों स्पष्ट हैं, तो रीवा संभाग में ई-केवाईसी की रफ्तार आखिर कब तेज होगी?
इधर, उचेहरा जेएसओ को प्रभार
जिला आपूर्ति अधिकारी सम्यक जैन अवकाश पर चले गए हैं। उनकी जगह जिला का कामकाज कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी यानि जेएसओ देखेंगे। जानकारी के मुताबिक डीएसओ श्री जैन एक हफ्ते के अवकाश पर चले गए हैं लिहाजा कामकाज देखने के लिए उचेहरा जेएसओ धर्मेन्द्र सिंह को दिया गया है। हालांकि वरिष्ठता क्रम में जेएसओ रामपुर बाघेलान भागवत द्विवेदी आते हैं लेकिन उनके एसआईआर में इंगेज होने के कारण यह प्रभार जेएसओ उचेहरा को सौंपा गया है।
मैं फिलहाल अवकाश पर हूं। हितग्राहियों को ई केवायसी करा लें। यह उनके लिए ही है। निर्देशित किया जा चुका है।
सम्यक जैन, जिला आपूर्ति अधिकारी सतना


जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
मध्य प्रदेश के धार स्थित भोजशाला-कमाल मौला परिसर के पास सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर पहली बार जुमे की नमाज अदा की गई। स्थानीय विरोध और सुरक्षा इंतजामों के बीच प्रशासन ने सर्वे नंबर 612 पर नमाज की व्यवस्था की।
हिंदी के दिग्गज साहित्यकार, पद्मश्री से सम्मानित और भोपाल हिंदी भवन के पूर्व निदेशक कैलाश चंद्र पंत का 90 वर्ष की आयु में निधन। मुख्यमंत्री मोहन यादव समेत कई दिग्गजों ने जताया शोक
रीवा-इंदौर (महू) ट्रेन को भोपाल के समीप निशातपुरा स्टेशन पर ठहराव दिलाने की मांग फिर तेज हुई। उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला ने पश्चिम मध्य रेलवे जीएम को पत्र लिखकर यात्रियों को सुविधा देने का आग्रह किया।
रीवा से भोपाल और कोलकाता के लिए प्रस्तावित हवाई सेवा 28 जुलाई को भी शुरू नहीं हो सकी। शेड्यूल और सब्सिडी प्रक्रिया लंबित होने से सेवा टली, अब लोगों की उम्मीदें अगस्त महीने पर टिकी हैं।
रीवा में 20 दिन पहले दफनाए गए अधेड़ का शव हत्या की आशंका पर कब्र से निकाला गया। फोरेंसिक विशेषज्ञ पोस्टमार्टम करेंगे, जिसके आधार पर पुलिस आगे की कार्रवाई और जांच करेगी।
सीधी जिले की छुहिया घाटी में तेज रफ्तार ट्रक अनियंत्रित होकर दो हिस्सों में टूट गया। हादसे में चालक गंभीर घायल हुआ, जबकि पुलिस ने क्रेन और जेसीबी की मदद से यातायात जल्द बहाल कराया।
सिंगरौली के कुलकवार और बगदरा गांवों के ग्रामीण वर्षों से स्थायी पुल की मांग कर रहे हैं। बरसात में बांस के अस्थायी पुल से आवागमन मजबूरी बन गया है, जबकि प्रशासनिक आश्वासन अब तक अधूरा है।
पन्ना पुलिस ने बैंक से नकदी निकालने वालों की रेकी कर चोरी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। आरोपियों ने पन्ना, रीवा, सीधी और दमोह में कई वारदातें कबूल कीं।
चित्रकूट में मोबाइल चोरी के संदेह में युवक को बिजली के खम्भे से बांधकर पीटने का वीडियो वायरल हुआ। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर महिला और साथी के खिलाफ तथा महिला की शिकायत पर भी मामला दर्ज किया।
सतना जिले के 367 विद्यालयों ने प्रधानमंत्री पोषण योजना की मध्याह्न भोजन रिपोर्ट एमडीएम पोर्टल पर अपलोड नहीं की। नागौद और मैहर में सबसे अधिक लापरवाही सामने आई, जिससे निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े हुए।