भारत की चक्रवात पूवार्नुमान प्रणाली में पिछले दशक में सुधार हुआ है। हालांकि, 2025 के आंकड़े एक दूसरी चुनौती भी दिखाते हैं। इस साल चक्रवात के मार्ग का अनुमान लगाने में त्रुटि पिछले पांच वर्षों के औसत से बढ़ी, जबकि तीव्रता का अनुमान बेहतर रहा। सवाल है कि इन आंकड़ों से भारत की पूवार्नुमान क्षमता में सुधार की कितनी स्पष्ट तस्वीर उभरती है।
बंगाल की खाड़ी में उठा चक्रवाती तूफान 'मुरासु' गंभीर रूप ले चुका है। यह 110 किमी/घंटे की रफ्तार से आंध्र प्रदेश के तट से टकरा सकता है। जानिए देश के 9 राज्यों में मौसम का हाल और अलर्ट।
बंगाल की खाड़ी में बना गहरा दबाव चक्रवात 'मुरासु' में बदला। 3 नवंबर को 120 किमी/घंटे की रफ्तार से आंध्र प्रदेश तट से टकराने की आशंका। ओडिशा और आंध्र प्रदेश में बारिश का अलर्ट जारी।
श्रीलंका में चक्रवात दितवाह ने भारी तबाही मचाई है, जिसके चलते वहां के लोगों का जीना मुश्किल हो गया है। अब तक कम से कम 334 लोगों की मौत हो चुकी है और 370 लोग लापता हैं। सबसे ज्यादा प्रभावित जिला कैंडी है, जहां 88 मौतें और 150 लोग लापता हैं।
श्रीलंका में भारी तबाही मचाने के बाद चक्रवात दितवाह अब भारत की ओर तेजी से बढ़ रहा है। भारतीय मौसम विभाग ने तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और पुडुचेरी में अलर्ट जारी किया है। भारी बारिश, तेज हवाओं और समुद्र में उफान के बीच प्रशासन ने बड़े पैमाने पर अलर्ट जारी कर दिया है।
श्रीलंका में तबाही मचाने के बाद चक्रवाती तूफान दित्वा अब भारत के तमिलनाडु, पुडुचेरी और आंध्र प्रदेश की ओर बढ़ रहा है। IMD की चेतावनी के बाद चेन्नई एयरपोर्ट पर 54 उड़ानें रद्द, स्कूल बंद। जानें ताजा अपडेट्स।
चक्रवाती तूफान दितवाह को लेकर भारत मौसम विज्ञान विभाग ने तीन राज्यों में अत्यधिक तेज आंधी और भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। वहीं तमिलनाडु में जिला प्रशासन ने 22 बेहद संवेदनशील और 39 उच्च संवेदनशील इलाकों की पहचान कर जरूरी उपकरण व कर्मी तैनात कर दिए हैं।
मध्य प्रदेश के मौसम पर पश्चिमी विक्षोभ का असर! उत्तरी पंजाब में चक्रवातीय परिसंचरण और ट्रफ़ सक्रिय। इसके आगे बढ़ने के बाद हवा का रुख उत्तरी होगा और न्यूनतम तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट आएगी।
चक्रवात मोंथा लगातार कमजोर हो रहा है, लेकिन इसका असर कई राज्यों में देखा जा रहा है। आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और ओडिशा में चक्रवात से काफी नुकसान हुआ है। आंध्र प्रदेश में तीन लोगों की मौत हो गई, 42 मवेशी मारे गए और करीब 1.5 लाख एकड़ में खड़ी फसलें बर्बाद हो गईं।






















