रीवा के सरकारी स्कूलों में नए सत्र के तीन महीने बाद भी विद्यार्थियों को पूरी किताबें नहीं मिलीं। हिंदी माध्यम की पुस्तकें अधूरी पहुंचीं, जबकि अंग्रेजी माध्यम के छात्र अब भी पुस्तकों का इंतजार कर रहे हैं।
रीवा स्कूल शिक्षा विभाग में 23 वर्ष पहले लेखापालों को नियम विरुद्ध अन्वेषक पद पर पदोन्नति देने का मामला हाईकोर्ट में खारिज हो गया। कर्मचारियों को मूल पद पर लौटना होगा, हालांकि वेतन वसूली से राहत मिली है।
रीवा संभाग में 700 से अधिक प्राचार्यों और व्याख्याताओं को क्रमोन्नति लाभ देने की तैयारियों पर सवाल उठे हैं। संयुक्त संचालक लोक शिक्षण ने नियमों का हवाला देते हुए प्रस्तावित सूची को स्वीकृति देने से इंकार कर दिया।
रीवा में डीईओ पर गंभीर अनियमितताओं के बावजूद निलंबन टल गया। कलेक्टर के प्रस्ताव पर कमिश्नर ने कार्रवाई बदलते हुए अतिरिक्त आरोप पत्र जारी करने के निर्देश दिए, जिससे मामले पर सवाल उठे।
रीवा और मऊगंज जिले के 75 हाई व हायर सेकेंडरी स्कूलों की मान्यता इस वर्ष समाप्त हो रही है। लोक शिक्षण संचालनालय ने 15 दिसंबर से ऑनलाइन आवेदन शुरू करने की तिथि तय की है, और यदि निर्धारित समयसीमा में नवीनीकरण पूरा नहीं किया गया तो इन स्कूलों पर ताला लग सकता है।
रीवा में स्कूल शिक्षा विभाग का बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। आनंदम प्रशिक्षण के दौरान सिर्फ 25 कूलर लगाए गए लेकिन 50 का बिल लगाया गया, वहीं 2 एसी को बढ़ाकर 12 दिखाया गया। जांच में मैट, कुर्सी, गद्दा, तकिया तक की संख्या में हेरफेर मिला। 32 लाख फंड में बड़े पैमाने पर अनियमितताओं का खुलासा हुआ है।
रीवा जिले की ब्लॉक शिक्षा अधिकारी आकांक्षा सोनी पर स्कूल निरीक्षण के नाम पर शासन की राशि के दुरुपयोग, गैर अनुबंधित वाहन उपयोग, शिक्षकों को कार्यालय में अटैच कर गैर शैक्षणिक कार्य कराने और प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगे हैं। शिकायत के बाद डीईओ ने तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित की है। मामला शिक्षकों के वेतन, जीपीएफ और पेंशन प्रकरणों की लापरवाही से भी जुड़ा है।
रीवा के विवि मार्ग स्थित आजाद बुक हाउस पर शिक्षा विभाग और प्रशासन की संयुक्त कार्रवाई में भारी मात्रा में संदिग्ध एनसीईआरटी किताबें जब्त की गईं। किताबों के प्रिंट अलग पाए गए, और दुकानदार बिल प्रस्तुत नहीं कर सका। जांच जारी है।
रीवा जिले के पीएम श्री नवोदय विद्यालय सिरमौर में सुरक्षा व्यवस्था की गंभीर चूक सामने आई। कक्षा 6वीं का छात्र अर्पण यादव बिना किसी को बताए स्कूल से बाहर निकल गया। छात्र 5 घंटे तक लापता रहा और मनगवां में मिला। विद्यालय प्रशासन और सुरक्षाकर्मियों की गंभीर लापरवाही उजागर हुई।
रीवा जिले में शिक्षा विभाग के सबसे बड़े फर्जी अनुकंपा नियुक्ति घोटाले का मामला अब विधानसभा में गूंजेगा। पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल ने पांच वर्षों की अनुकंपा नियुक्तियों की जानकारी विधानसभा प्रश्न के जरिए मांगी है। अब तक जांच में 6 से अधिक फर्जी नियुक्तियों का खुलासा हो चुका है, जिनमें फर्जी मृत्यु प्रमाणपत्र, गलत यूनिक आईडी और दस्तावेजों का इस्तेमाल किया गया। कई निलंबित अधिकारियों पर FIR हो सकती है। STAR समाचार ने सबसे पहले इस मुद्दे को उजागर किया था, जो अब प्रदेश स्तरीय घोटाले में तब्द






















