राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की टीम ने स्टिंग आपरेशन कर एक चौंकाने वाले नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। यही नहीं, गिरोह के डॉक्टर, एएनएम सहित अन्य सहयोगियों को हिरासत में लिया है। टीम की इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया है। एनएचएम टीम ने आगे की कार्रवाई के लिए मामला पुलिस को सौंप दिया है।
By: Arvind Mishra
Mar 16, 20261:04 PM
भोपाल। स्टार समाचार वेब
मध्यप्रदेश में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की टीम ने स्टिंग आपरेशन कर एक चौंकाने वाले नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। यही नहीं, गिरोह के डॉक्टर, एएनएम सहित अन्य सहयोगियों को हिरासत में लिया है। टीम की इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया है। एनएचएम टीम ने आगे की कार्रवाई के लिए मामला पुलिस को सौंप दिया है। दरअसल, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन को सूचना मिली थी कि भ्रूण लिंग टेस्ट करने वाला एक बड़ा नेटवर्क सक्रिय है, जो मध्यप्रदेश और राजस्थान बॉर्डर के बीच प्रसूताओं के भ्रूण की जांच करता है।
ऐसे किया नेटवर्क का खुलासा
अंतरराज्यीय गिरोह को एक्सपोज करने के लिए एनएचएम ने स्टिंग आपरेशन का प्लान बनाया। इसमें डिकॉय यानी एक गर्भवती महिला की जरुरत थी, जो गिरोह को झांसा देने में मदद कर सके। इसके लिए एक महिला को 15 दिन के बाद रेडी हुईं। गिरोह तक पहुंचने में एक स्थानीय व्यक्ति की मदद ली गई।
डेढ़ माह में निकाली गिरोह की कुंडली
स्टिंग आपरेशन के पहले गिरोह के सक्रिय सदस्यों की कुंडली निकाली गई। जिसमें सामने आया कि रैकेट में कुछ एएनएम भी शामिल हैं। इसमें यह भी पता लगाया कि गर्भवती महिलाओं तक गिरोह के सदस्य कैसे पहुंचते है। इस पूरी जानकारी को जुटाने में करीब डेढ़ महीने का समय लग गया।