मध्य प्रदेश की नगरीय विकास एवं आवास राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी को फर्जी जाति प्रमाण पत्र मामले में बड़ी राहत मिली है। राज्य स्तरीय छानबीन समिति ने उनके जाति प्रमाण पत्र को सही पाते हुए उन्हें क्लीन चिट दे दी है।

छानबीन समिति ने राज्य मंत्री को क्लीन चिट दी
फर्जी जाति प्रमाण पत्र की कांग्रेस ने की थी शिकायत
मंत्री ने 110 वर्ष पुराने राजस्व रिकॉर्ड समिति को सौंपे
शिकायतकर्ता ने समित को सौंपे 430 पेज के दस्तावेज
भोपाल। स्टार समाचार वेब
मध्य प्रदेश की नगरीय विकास एवं आवास राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी को फर्जी जाति प्रमाण पत्र मामले में बड़ी राहत मिली है। राज्य स्तरीय छानबीन समिति ने उनके जाति प्रमाण पत्र को सही पाते हुए उन्हें क्लीन चिट दे दी है। कांग्रेस द्वारा लगाए गए आरोपों को खारिज करते हुए समिति ने अपनी अंतिम रिपोर्ट तैयार कर ली है, जिसके आदेश जल्द ही जारी किए जा सकते हैं। इस फैसले से राज्य मंत्री के निर्वाचन को चुनौती दे रही कांग्रेस को एक बड़ा झटका लगा है। गौरतलब है कि मध्य प्रदेश कांग्रेस अनुसूचित विभाग के प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप अहिरवार ने राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी को अनुसूचित जाति (एससी) की जगह राजपूत समाज (सामान्य वर्ग) का बताते हुए एससी के लिए आरक्षित सीट से निर्वाचित होने की शिकायत की थी, जिस पर छह जुलाई को छानबीन समिति ने मंत्रालय में सुनवाई की।
समिति के सामने रखे दस्तावेज
मंत्री ने खुद को एससी बताने के लिए कई प्रमाण दिए तो कुछ आरोपों का मौखिक तौर पर खंडन किया। समिति के समक्ष 110 वर्ष पुरानी खसरा-खतौनी की नकल प्रस्तुत कर बताया कि इसमें बागरी को कहीं भी राजपूत नहीं बताया गया है, न ही उप जाति में उल्लेख है। उन्होंने यह तर्क भी दिया कि भाजपा ही नहीं, खुद कांग्रेस ने एससी के लिए आरक्षित विधानसभा सीट से बागरी समाज के लोगों को प्रत्याशी बनाया है।
महेंद्र और काशी को कांग्रेस ने उतारा था
राज्यमंत्री ने समिति को बताया कि अनुसूचित जाति के आरक्षित पन्ना जिले की गुनौर विधानसभा सीट से कांग्रेस की ओर से महेंद्र बागरी और काशी बागरी को प्रत्याशी बनाया गया। सतना जिले की रैगांव सीट से (जहां से प्रतिमा विधायक हैं) उनके दादा जुगल किशोर बागरी विधायक रहे।
यूपी-महाराष्ट्र में बागरी राजपूत
शिकायतकर्ता प्रदीप अहिरवार ने भी समिति के समक्ष अपना पक्ष रखा था। उन्होंने 430 पेज के दस्तावेज समिति को सौंपे और कहा कि इसमें बागरी जाति के रहन-सहन और सभी राज्यों में सामान्य वर्ग में होने का उल्लेख है। यह तर्क भी दिया कि एससी-एसटी वर्ग में जाति का तय 1950 के केंद्र के गजट के अनुसार होता है, लेकिन इसमें तत्कालीन विंध्य प्रदेश के सतना जिले में बागरी शामिल नहीं हैं। यूपी-महाराष्ट्र का गजट देकर बताया कि बागरी राजपूत में आते हैं।
यह भी पढ़िए...


जबलपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला, सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा 100% वेतन और एरियर्स

जैतवारा से लेकर बारामाफी तक आक्रोश

खरमास 2025-2026: कब से कब तक रहेगा, जानें शुभ कार्यों की मनाही का कारण

ऑपरेशन सिंदूर...मुझे एक तस्वीर दिखा दो...जिसमें भारत का एक गिलास भी नहीं टूटा हो

लागू होंगे नए अवकाश नियम: CCL में वेतन कटौती, EL को 'अधिकार' नहीं मानेगा MP वित्त विभाग

MP College Admission 2026: ई-प्रवेश दूसरे चरण की अलॉटमेंट लिस्ट जारी, 13 जून तक जमा करें फीस

सुरक्षित और नेचुरल तरीके से बाल करना है काले तो अपनाएं ये उपाय

बची हुई चाय को दोबारा गर्म करके पीने क्या होगा, जानें इसके बारे में?

अगर 40 की उम्र कर ली है पार और रहना चाहते हैं तंदरुस्त तो अपनाएं ये आदतें

ठंडा पानी पीने और मीठा खाने पर दांतों में होती है झनझनाहट तो हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकती है बड़ी समस्या

ठंड में बढ़ जाती है डिहाइड्रेशन की समस्या, जानें क्या है कारण ?

तनाव से चाहिए है छुटकारा तो इन चीजों से करें तौबा, अपनाएं ये सलाह
सतना के पोड़ी पतौरा-धवारी मार्ग की जर्जर हालत से पचास से अधिक गांवों के हजारों ग्रामीण परेशान हैं। बरसात में गड्ढों और कीचड़ के कारण दुर्घटनाएं बढ़ रही हैं, जबकि सड़क निर्माण की मांग वर्षों से अधूरी है।
कोठी क्षेत्र के रामपुरा गांव में लकवाग्रस्त बुजुर्ग महिला को खाट पर अस्पताल ले जाने का वीडियो वायरल हुआ। ग्रामीणों ने बदहाल सड़क को जिम्मेदार बताया, जबकि प्रशासन ने खबर को भ्रामक बताते हुए अपना पक्ष रखा।
सतना में पोस्ट ऑफिस सेविंग्स बैंक के चेक तकनीकी कारणों से क्लियर नहीं हो रहे हैं। भुगतान अटकने से खाताधारकों और व्यापारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है, जबकि विभाग से स्पष्ट जवाब अब तक नहीं मिला।
सतना में नर्मदा जल पहुंचाने की परियोजना को लेकर अक्टूबर-नवंबर 2026 की नई समयसीमा सामने आई है। वर्षों से मिलती तारीखों के बीच टनल निर्माण अंतिम चरण में है, लेकिन लोगों का भरोसा अभी भी अधूरा है।
नागौद से गंभीर हालत में जिला अस्पताल लाई गई प्रसूता की उपचार के दौरान मौत हो गई। परिजनों ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया, जबकि अस्पताल प्रबंधन ने समय पर आवश्यक चिकित्सकीय प्रयास किए जाने का दावा किया।
सतना और मैहर में 5वीं-8वीं बोर्ड सेकंड चांस परीक्षा के बाद भी आठ हजार से अधिक छात्र असफल रहे। परिणामों ने स्कूलों की शैक्षणिक गुणवत्ता, निगरानी व्यवस्था और बुनियादी शिक्षा की गंभीर खामियां उजागर कर दीं।
मध्य प्रदेश में विधानसभा उपचुनाव के बीच दतिया की सियासत में उस वक्त भूचाल आ गया, जब कांग्रेस से टिकट नहीं मिलने से नाराज चल रहे वरिष्ठ नेता अवधेश नायक से मिलने खुद भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी उनके घर पहुंच गए। बीती देर रात हुई इस मुलाकात ने दतिया के सियासत में सुगबुगाहट तेज कर दी है।
मध्य प्रदेश की नगरीय विकास एवं आवास राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी को फर्जी जाति प्रमाण पत्र मामले में बड़ी राहत मिली है। राज्य स्तरीय छानबीन समिति ने उनके जाति प्रमाण पत्र को सही पाते हुए उन्हें क्लीन चिट दे दी है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश अब डेटा सेंटर, सेमीकंडक्टर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (GCC) जैसे आधुनिक उद्योगों का नया गंतव्य बन चुका है।
दतिया उपचुनाव में सियासी पारा गर्म! बीजेपी सभा में भावुक हुए नरोत्तम मिश्रा ने आशुतोष तिवारी को जिताने का संकल्प लिया। कांग्रेस प्रत्याशी पर साधा निशाना। नामांकन की पूरी अपडेट यहाँ पढ़ें।